प्राधिकरण दिवस के दौरान बृहस्पतिवार को एलडीए वीसी प्रभु एन सिंह के सामने एक भावुक कर देने वाला मामला सामने आया। बिजली विभाग से 1998 में रिटायर्ड अधीक्षण अभियंता मंगला प्रसाद श्रीवास्तव (82) ने अपने ही इकलौते बेटे और इंडियन फॉरेस्ट सर्विस (आईएफएस) के अधिकारी की शिकायत वीसी से की। बुजुर्ग पिता का कहना है कि इस उम्र में उन्हें अपनी मेहनत की कमाई से बनाए घर को तोड़ने का दर्द सहने के लिए उनका ही बेटा मजबूर कर रहा है।
वीसी ने बताया कि मंगला प्रसाद ने उन्हें बताया कि विनयखंड में उनका एक मकान है। करीब 3000 वर्ग फीट भूखंड पर बने भूतल के मकान को पत्नी के निधन के बाद उन्हाेंने अपनी तीन बेटियों व इकलौते बेटे के नाम संयुक्त रूप से नामांतरण करा लिया। इसके बाद से बेटा किसी बात को लेकर नाराज हो गया। अब वह 30 साल पुराने मकान को तोड़वाने के लिए एलडीए में शिकायत कर रहा है। उसने शिकायत की है कि यह घर अवैध निर्माण कर बनाया गया है। पिता ने मांग की कि उनके बनाए घर में तोड़फोड़ न की जाए। वीसी का कहना है कि इतने बड़े पद पर तैनात एक अधिकारी से इस तरह के कृत्य की उम्मीद नहीं की जा सकती है। बुजुर्ग पिता के साथ एलडीए सहानुभूति रखते हुए शिकायत पर कार्रवाई करेगा।
भांजी की शादी तक में शामिल नहीं हुआ
पिता ने वीसी को बताया कि इतने बड़े पद पर आसीन उनका बेटा रिश्तों की अहमियत ही भूल गया है। अपनी ही सगी भांजी की शादी तक में वह शामिल नहीं हुआ। पिता ने कहा कि जिसे इस उम्र में मेरी सेवा करनी चाहिए। उसी से मुझे कानूनी लड़ाई लड़नी पड़ रही है।
महिला को दौड़ा रहा बाबू, फटकारा
प्राधिकरण दिवस में ही सचिव मंगला प्रसाद सिंह के सामने एक विधवा रजनी शुक्ला शिकायत लेकर पहुंची। उसने सचिव को बताया कि उसके पति ने ट्रांसपोर्टनगर योजना में एक फ्लैट खरीदा था। इस फ्लैट को उसके रिश्तेदार ही हड़पना चाहते हैं। जब एलडीए में नामांतरण के लिए आवेदन किया तो उसे पति की बहनों की अनापत्ति दिलाने को कहा गया। इसके लिए नायब तहसीलदार स्निग्धा चतुर्वेदी ने पत्र भेजा। योजना सहायक अदनान को जब पूरे मामले पर सचिव ने बुलाया तो पता चला कि फाइल में सारी जानकारी होने के बाद भी परेशान किया जा रहा था। सचिव ने अब 24 घंटे में कार्रवाई कर सूचना देने का आदेश दिया है। योजना सहायक को सचिव ने फटकार भी लगाई कि जब पति की संपत्ति की उत्तराधिकारी पत्नी होती है तो अनापत्ति क्यों मांगी।
बीबीएयू के पास करोड़ों की जमीन पर कब्जा
सचिव से साउथ सिटी रायबरेली रोड की आरडब्ल्यूए जनकल्याण एवं विकास समिति ने शिकायत दर्ज कराई कि बीबीएयू के पास एच ब्लॉक में करीब 12000 वर्ग फीट जमीन मौजूद है। कम्युनिटी सेंटर बनने के लिए प्रस्तावित करोड़ों रुपये की यह जमीन मौके पर कब्जा हो रही है। यहां कब्जे हटवाकर जमीन पर कम्युनिटी सेंटर बनवाने की मांग लोगों ने की है।
15 साल के बाद भूखंड मिला तो अब विकास बंद
मुख्य वन संरक्षक कार्यालय में अपर सांख्यिकी अधिकारी आशाराम ने वीसी से शिकायत की कि 15 साल केबाद सेक्टर पी में कब्जा हटने के बाद विकास कार्य शुरू हुआ। इससे भूखंड मिलने की उम्मीद जगी। कुछ समय के बाद ही अब यहां फिर से विकास कार्य बंद हो गए। इससे फिर से पुराने हालात पैदा हो रहे हैं। अधिशाषी अभियंता प्रताप शंकर मिश्रा ने बताया कि हमारी कोशिश है कि विकास कार्य दोबारा शुरू करा दिए जाएं।