बलीपुर कुंड के प्रधान स्व. नन्हे यादव के परिवार ने राजा भैया के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए राजधानी में सामूहिक आत्मदाह करने का प्रयास किया।
हालांकि, पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस प्रयास को नाकाम कर दिया।
विधान भवन के सामने तीन दिन से आमरण अनशन पर बैठे परिजनों की एक सूत्रीय मांग है कि मुख्यमंत्री उनसे भेंट कर ले ताकि वह राजा भैया के जुल्म से उन्हें अवगत करा सकें।
सुनवाई न होने से परेशान होकर परिवार ने सामूहिक आत्मदाह का फैसला किया। शनिवार शाम पांच बजे धरना स्थल पर पहले अपने ऊपर पेट्रोल डाला फिर जैसे ही माचिस जलाना चाहा कि इतने में पुलिस आ गई।
पेट्रोल में डूब चुके प्रधान स्व. नन्हे के 16 वर्षीय बेटे बब्बू उर्फ ज्ञानेंद्र व पत्नी सुमन देवी पुलिस से जान देने को लेकर लड़ते रहे, लेकिन पुलिस ने उन्हें जबरन धरना स्थल चौकी में कैद कर लिया।
दूसरी तरफ, नन्हे यादव का बहनोई कमलेन्द्र माचिस लेकर इधर-उधर भागता रहा उसकी शर्ट को पुलिस कर्मियों ने फाड़ दिया और हाथ से माचिस छीन ली। पीड़ित सुमन का कहना था कि उनके पति के दोषियों द्वारा अभी भी उनके परिवार को सताया जा रहा है।
उनका आरोप है कि राजा भैया के इशारे पर एसओ हथिगवां जनपद प्रतापगढ़ के द्वारा नन्हे यादव के परिवार व प्रधान के भाई पवन व फूल चंद्र को फर्जी मुकदमे में फंसाया गया है।
सुमन का कहना है कि राजा भैया के खौफ से परेशान हैं। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव उनसे मुलाकात का वक्त दे ताकि वे उन्हें अपना दर्द सुना सकें।