आगरा एक्सप्रेस-वे पर आए दिन होने वाले हादसों को देखते हुए यातायात सुरक्षा के लिए पूर्व सैनिकों की तैनाती का फैसला किया गया है।
पूरे लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर 120 पूर्व सैनिक तैनात किए जाएंगे जो ट्रैफिक पर नजर रखेंगे। यह व्यवस्था दो महीने के लिए की गई है। टोल प्लाजा चालू हो जाने के बाद यह काम स्थानीय पुलिस करेगी।
उ.प्र. एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) के मुख्य कार्यपालक अधिकारी अवनीश कुमार अवस्थी ने बताया कि लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर उत्तर प्रदेश पूर्व सैनिक कल्याण निगम के पूर्व सैनिकों को तैनात किया जा रहा है। ये 10 इनोवा वाहनों से पूरे मार्ग पर पेट्रोलिंग करेंगे। एक्सप्रेस-वे के पांच पैकेजों आगरा, शिकोहाबाद, इटावा, कन्नौज तथा लखनऊ जिलों से गुजरने वाले मार्ग पर तीन शिफ्टों में प्रत्येक पैकेज में एक वाहन पर 12 पूर्व सैनिक तैनात किए जाएंगे।
सड़क हादसे में घायलों की तत्काल मदद
अवस्थी ने बताया कि दुर्घटना होने की स्थिति में पेट्रोलिंग टीम तत्काल मदद करेगी। उसे इलाज दिलाने में सहायता तथा एंबुलेंस की व्यवस्था होने पर उनसे समन्वय का दायित्व निभाना होगा।
इसके साथ ही इन दुर्घटनाओं की सूचना एक्सप्रेस-वे पर तैनात डायल-100 के पुलिसकर्मियों तथा क्षेत्रीय पुलिस थाने के पुलिस कर्मियों को तत्काल देनी होगी।
सड़क हादसों का ब्योरा संबंधित फील्ड यूनिट कार्यालय के अधिशासी अभियंता तथा यूपीडा मुख्यालय को भी भेजना होगा।
एक्सप्रेस-वे पर भारी वाहनों को जाने से रोकेंगे
अवस्थी ने बताया कि एक्सप्रेस-वे पर भारी वाहनों का प्रवेश वर्जित है। इसके लिए प्रवेश व निकास बिंदुओं पर बैरियर लगाए गए हैं। इसके बावजूद कुछ भारी वाहन बैरियर तोड़कर एक्सप्रेस-वे पर प्रवेश कर जाते हैं।
पेट्रोलिंग पार्टी इन्हें एक्सप्रेस-वे पर जाने से रोकेगी। साथ ही नजर रखेगी कि एक्सप्रेस-वे की फेंसिंग को कोई नहीं काट सके। एक्सप्रेस-वे के किनारे अनधिकृत रूप से लगाई जा रही अस्थायी दुकानें या स्ट्रीट वेंडर द्वारा खाद्य सामग्री की बिक्री रोकने का जिम्मा भी पूर्व सैनिकों को सौंपा गया है। इन्हें एवेन्यू प्लांटेशन में लगाए गए पौधों की सुरक्षा भी करनी होगी।