लखनऊ। गोमतीनगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के सभागार में शनिवार को ग्राफिक एरा का मेगा कॅरिअर काउंसिलिंग समारोह हुआ। ग्राफिक एरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन और शिक्षाविद डॉ. कमल घनशाला ने कहा कि युवाओं को अपने कॅरिअर और कोर्स का चयन सावधानी से करना चाहिए। किसी दोस्त को देखकर गलत कोर्स में जाना घातक हो सकता है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़े कोर्स आने वाले समय की मांग हैं। ऐसे कोर्स करके युवा सपने साकार कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़े कोर्स आने वाले समय की मांग हैं। ऐसे कोर्स करके युवा अपने बड़े सपनों को साकार कर सकते हैं। एआई से जुड़े कोर्स करके युवा आने वाले समय की चुनौतियों पर विजय पाकर अपने कल को बेहतर बना सकते हैं।
देहरादून की ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी और ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी की ओर से आयोजित समारोह में लखनऊ, बाराबंकी, गोंडा, प्रतापगढ़ ओर अमेठी के युवा शामिल हुए। इस दौरान विद्यार्थियों को 12वीं के बाद भविष्य की राह चुनने के लिए परामर्श दिए गए। समारोह में ग्राफिक एरा के उन छात्र-छात्राओं के अभिभावक भी शामिल हुए, जिनका 47 लाख से 61.99 लाख रुपये तक के पैकेज पर इस वर्ष प्लेसमेंट हुआ है। ग्राफिक एरा के एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर तेजस्वी घनशाला,डॉ सौरभ और साहिब सबलोक ने भी युवाओं के करियर से संबंधित सुझाव दिए।
जेनरेटिव एआई आधारित कैंपस की हुई स्थापना
ग्राफिक एरा ने इंजीनियरिंग के साथ ही मैनेजमेंट, बायोटेक, एग्रीकल्चर, लॉ, होटल मैनेजमेंट, कंप्यूटर एप्लीकेशन, फैशन डिजायनिंग, एनीमेशन, कंप्यूटर गेमिंग, फूड साइंस समेत सभी कोर्स आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से जोड़ दिए हैं। दावा है कि यूनिवर्सिटी ने देश का पहला जेनरेटिव आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित कैंपस स्थापित किया है। यह पहल अमेजॉन वेब सर्विस (एडब्लूएस) के सहयोग से की गई है, जो क्लाउड कंप्यूटिंग के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अग्रणी संस्था मानी जाती है।