लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रसंघ चुनाव पर पिछले कई साल से स्टे लगा हुआ है। हाईकोर्ट ने इस साल यह स्टे हटा दिया। ऐसे में माना जा रहा है कि इस साल नया सत्र शुरू होने पर छात्रसंघ चुनाव कराने की मांग जोर पकड़ेगी। छात्रसंघ चुनाव का फैसला अब लविवि और प्रदेश सरकार के फैसले पर निर्भर होगा।
लविवि में इस साल से नए डिप्लोमा पाठ्यक्रम का संचालन होना है। इसमें ऑनलाइन डिप्लोमा भी शामिल है। इससे पहले लविवि को यूजीसी की अनुमति भी चाहिये होती है। नैक में ए प्लस ग्रेड होने पर ऑनलाइन डिप्लोमा संचालन की मान्यता यूजीसी से लेनी की जरूरत नहीं होती है। लविवि के पास इस समय कोई ग्रेड नहीं है। इसलिए कोर्स संचालन के लिए अनुमति जरूरी है।
लविवि के प्रवक्ता डॉ. दुर्गेश श्रीवास्तव का कहना है कि डिप्लोमा के विद्यार्थियों को सभी विद्यार्थी सुविधाओं का लाभ मिलेगा। डिप्लोमा कोर्स प्रोफेशनल पाठ्यक्रम हैं। इसलिए इनके विद्यार्थी को नियमित नहीं माना जाएगा।