लखनऊ में सिपाही के हाथों हुए एक बेगुनाह के कत्ल पर प्रदेश के डीजीपी ओम प्रकाश सिंह ने माफी मांगी है। देर शाम उन्होंने इस अप्रत्याशित घटना को यूपी पुलिस का चरित्र न मान बैठने की अपील की। साथ ही यह भी कहा कि खाकी वर्दी में मौजूद एक-एक बदमाश को बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।
डीजीपी ने ट्वीटर पर लिखा कि ‘व्यक्ति की कीमती जिंदगी की भरपाई किसी भी क्षमा याचना से पूरी नहीं हो सकती न ही पीड़ित परिवार को पहुंचे इस आघात की भरपाई हो सकती है। मृतक विवेक तिवारी की पत्नी छोटी बेटियां और परिवार के लिए मेरा दिल भर आया है।
मैं अपना दुख उनके साथ बांटता हूं। इस तरह का आपराधिक व्यवहार निंदनीय है और सख्त सजा पाने का हकदार है। हम सजा देने के लिए और वर्दी में मौजूद दुष्टों, बदमाशों को बाहर निकालने के लिए दृढ़ संकल्प हैं।
इनकी वजह से हमारे सिर शर्म से झुक जाते हैं। हम पुलिस की व्यवहारगत सुधार और फोर्स के मानवीयकरण के लिए सुधारात्मक कदम उठाएंगे, जिसकी अब तक उपेक्षा होती रही है। अब यह हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता का एजेंडा रहेगा।’
डीजीपी ने आगे लिखा है कि ‘आज मैंने प्रदेश के 250 इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर से इस दुखद घटना को लेकर सीधे बातचीत की। कुछ सप्ताह पहले हमने इस संवाद की शुरुआत की योजना बनाई थी और इसे राज्य के सभी जिलों में लागू करने की पहल की है।
हम यूपी पुलिस में पूरी तरह से सुधार लाने के लिए कठिन परिश्रम कर रहे हैं। यह मेरी आपसे प्रार्थना है कि लखनऊ की असमान्य एवं दुखद घटना को लेकर हमारे पूरे प्रयासों पर सवालिया निशान न लगाएं। हम आपसे क्षमा मांगते हुए आपकी शुभकामनाएं एवं इन सुधारात्मक कदमों में सहयोग चाहते हैं।’