लखनऊ। राजधानी में माल विकासखंड को छोड़कर सभी ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में 10 फरवरी को बच्चों को पेट के कीड़े मारने की दवाई खिलाई जाएगी। इसके लिए बुधवार को सीएमओ कार्यालय में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
सीएमओ डॉ. एनबी सिंह ने बताया कि राष्ट्रीय कृमि दिवस के तहत एक के 19 वर्ष तक की आयु के बच्चों को पेट के कीड़ों से बचाव के लिए एल्बेंडाजोल दवा खिलाई जाएगी। वहीं, माल ब्लॉक में राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत सर्वजन दवा सेवन (आईडीए) अभियान चलेगा। सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त, निजी विद्यालयों व आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को एल्बेंडाजोल की खुराक दी जाएगी। उन्होंने बताया कि जो बच्चे 10 फरवरी को दवा सेवन से वंचित रह जाएंगे, उन्हें 13 फरवरी को मॉप-अप राउंड में दवा दी जाएगी। इस मौके पर नोडल अधिकारी डॉ. अनिल श्रीवास्तव, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी योगेश रघुवंशी और जिला सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक विष्णु प्रताप मौजूद रहे।
इनका रखें ध्यान
-एक से दो वर्ष के बच्चों को एल्बेंडाजोल की आधी गोली पीसकर खिलाई जाएगी।
-दो से तीन वर्ष के बच्चों को एक गोली चूरा बनाकर दी जाएगी।
- तीन वर्ष से अधिक आयु के बच्चों को एक गोली चबाकर खिलाई जाएगी।
-दवा का प्रभाव तभी होता है, जब उसे चबाकर खाया जाए।
- बच्चे को खाली पेट दवा नहीं दी जानी चाहिए।
- बीमार बच्चे को दवाई न दी जाए।
- दवा खाने के बाद जी मिचलाना, चक्कर आना जैसे प्रतिकूल प्रभाव देने पर बच्चे को खुली एवं हवादार जगह पर लिटाकर साफ पानी पिलाया जाए, थोड़ी देर में स्थिति सामान्य हो जाती है। जरूरत पड़ने पर चिकित्सीय सहायता के लिए टोल फ्री नंबर 108 पर संपर्क किया जा सकता है।