लखनऊ। पारा के सलेमपुर पतौरा निवासी अब्दुल रहमान की पत्नी तैय्यबा खातून की मंगलवार को संदिग्ध हालात में मौत हो गई। उनके भाई हबीबुर्रहमान ने ससुराल वालों पर दहेज हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने हबीबुर्रहमान की तहरीर पर ससुराल वालों के खिलाफ दहेज हत्या की एफआईआर दर्ज की है।
तैय्यबा बलरामपुर के उतरौला स्थित रामनगरिया की रहने वाली थीं। उनका निकाह 22 फरवरी 2025 को अब्दुल से हुआ था। हबीबुर्रहमान के अनुसार, शादी के बाद से ही ससुराल वाले दहेज के लिए तैय्यबा को प्रताड़ित करते थे। पति अब्दुल रहमान अक्सर उससे मारता-पीटता था। सास फातमा, ससुर इसरारुल हक, देवर इजहा व ननद अफसाना भी उसे परेशान करते थे। वे कहते थे कि अब्दुल बेरोजगार है और कारोबार के लिए रुपये चाहिए। इस पर उनकी मां ने दो लाख रुपये चेक से और तीन लाख नकद दिए थे।
20 जून 2026 को उनकी बहन गोलागंज स्थित घर आकर बताया कि ससुराल वाले उनके साथ नौकरों जैसा व्यवहार करते हैं। तैय्यबा ने हत्या की आशंका भी जताई थी। इस पर उन्होंने मां और मामा के साथ ससुराल वालों से बात की थी। ससुराल वालों ने सुरक्षा की गारंटी दी, जिसके बाद उसे वापस भेजा गया। मंगलवार को ससुर ने राजाजीपुरम स्थित हॉस्पिटल बुलाया, जहां तैय्यबा का शव मिला। शव पर चोट के निशान थे। आरोप है कि ससुराल वाले शव को अस्पताल में छोड़कर भाग निकले। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में फंदा लगाने से मौत की पुष्टि हुई है। डीसीपी पश्चिम कमलेश दीक्षित ने बताया कि एफआईआर दर्ज कर मामले की छानबीन की जा रही है।