लखनऊ। विश्व नृत्य दिवस पर उड़ान संस्था की ओर से फरीदीनगर स्थित सभागार में नृत्योत्सव व संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें कला और स्वास्थ्य के अंतर्संबंधों पर चर्चा हुई। वरिष्ठ लोक नृत्यांगना सरिता सिंह ने कहा कि नृत्य प्रकृति की शक्ति से जुड़ने का माध्यम है। यह रचनात्मकता और एकाग्रता बढ़ाने के साथ तनाव से मुक्ति की अचूक औषधि भी है।
उन्होंने शास्त्रीय और लोक नृत्य की बारीकियां समझाते हुए प्रशिक्षार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया। अवसर पर खुशबू, सीमा, पूनम और कविता ने वंदेमातरम पर नृत्य प्रस्तुत किया। अन्य कलाकारों ने भी नृत्य से आनंदित किया।