राजधानी की तर्ज पर जल्द ही आठ और शहरों में साइकिल ट्रैक बनाए जाएंगे। सैफई और इटावा में इसके लिए रूट फाइनल कर दिया गया है।
इसके अलावा कानपुर, गाजियाबाद, नोएडा, आगरा, मेरठ और बरेली में ट्रैक बनाने के लिए एस्टीमेट तैयार किया जा रहा है। सपा सरकार ने शहरों में साइकिल ट्रैक बनाने का फैसला किया है।
यह ट्रैक खासकर उन सड़कों के किनारे बनाए जाएंगे जो स्कूल-कॉलेज वाले क्षेत्रों में। इसके लिए विशेष सचिव (मुख्यमंत्री) नवीन कुमार की अगुवाई में एक टीम ने सैफई और इटावा का मुआयना किया।
इटावा में डीएम चौराहे से इंजीनियरिंग कॉलेज तक (कुल लंबाई 1.5 किलोमीटर) और एसएसपी चौराहे से एनएच होते हुए लॉयन सफारी तक (कुल लंबाई 7 किलोमीटर) साइकिल ट्रैक बनेगा।
इन शहरों में इस तरह होगा निर्माण
वहीं, सैफई में आधा किलोमीटर इटावा की तरफ से शुरू करके पीजीआई, इंस्पेक्शन हाउस और स्टेडियम होते हुए कॉलेज परिसर तक साइकिल ट्रैक बनाया जाएगा। इसकी कुल लंबाई 11 किलोमीटर होगी।
बता दें कि इस योजना के तहत राजधानी लखनऊ में विक्रमादित्य मार्ग, विक्रमादित्य मार्ग से लामार्ट ब्वायज, लामार्ट ब्वायज से लोहिया पथ, 5 कालीदास मार्ग के सामने और कुर्सी रोड चौराहे से हॉकी स्टेडियम के सामने तक साइकिल ट्रैक बनाने का निर्णय लिया गया है।
गाजियाबाद में साइकिल ट्रैक बनवाने के लिए वहां के विकास प्राधिकरण के वीसी ने पीडब्ल्यूडी मुख्यालय के इंजीनियरों से बात कर राजधानी में बन रहे ट्रैक का मौका मुआयना भी किया। कानपुर के कमिश्नर ने भी इस बाबत मुख्यालय के अफसरों से बात की।
इन दोनों शहरों के अलावा नोएडा, आगरा और मेरठ में भी साइकिल ट्रैक के लिए एस्टीमेट तैयार करवाया जा रहा है। बरेली में चौकी चौराहे से अय्यूब खां चौराहे, चौपुला चौराहा होते हुए इज्जतनगर तक साइकिल ट्रैक बनवाने पर विचार किया जा रहा है।
साइकिल ट्रैक के बारे में जानें खास बातें
- 1.5-2.5 मीटर चौड़ा होगा साइकिल ट्रैक
- साथ ही बनेगा 1-1.5 मीटर चौड़ा फुटपाथ
- प्रति किलोमीटर 60 से 70 लाख रुपये आएगी लागत