उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के समानांतर जालसाजों ने अपना परिवहन निगम बना दिया है। इस फर्जी परिवहन निगम के अपर प्रबंध निदेशक समेत तीन लोगों को कैसरबाग बस अड्डे पर कर्मचारियों ने दबोच कर वजीरगंज पुलिस के हवाले किया।
फर्जी अपर प्रबंध निदेशक, चालक और परिचालक के साथ अड्डे पर बस में सवारियों को भरा जा रहा था। बस अड्डे की सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक प्रशासन प्रबंधन रमेश सिंह बिष्ट के अनुसार पकड़े गए फर्जी अपर प्रबंध निदेशक तौकीर शेख पुत्र शोएब शेख निवासी धर्मसाडा आजमगढ़ परिचालक सादिक निवासी आजमगढ़ और चालक अनिल कुमार सिंह निवासी माल रोड हरदोई है।
फर्जी प्रबंध निदेशक इनोवा कार यूपी 32 एलटी 2451 में सवार होकर कैसरबाग अड्डे पहुंचा और हरदोई जाने वाली सवारियों को बैठा रहा था। बस अड्डे पर संदिग्ध बस के द्वारा सवारियां भरने का नजारा जब सुरक्षाकर्मियों ने देखा तो कर्मचारियों और अधिकारियों को सूचित किया।
इस बस पर लखनऊ डिपो लिखा था जबकि परिवहन निगम के रिकॉर्ड में ऐसा कोई डिपो ही सृजित ही नहीं है। वजीरगंज कोतवाली की हाता पुलिस चौकी के प्रभारी राहुल द्विवेदी ने फर्जी अपर प्रबंध निदेशक सहित तीन को हिरासत में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है।