गाजीपुर क्षेत्र में बीकॉम छात्र ने रविवार शाम अपने बाएं हाथ की नस काटने के बाद फांसी लगा ली। काफी देर तक दरवाजा न खुलने पर भाई ने आवाज लगाई।
कोई आहट न मिलने पर खिड़की से देखा तो उसका शव फंदे से लटक रहा था। घरवाले उसे अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस को छानबीन में किताब में सुसाइड नोट मिला।
जिसमें उसने खुद को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहाराया। पुलिस के मुताबिक, गाजीपुर क्षेत्र के शंकरपुरी कॉलोनी निवासी जनार्दन मिश्रा का बेटा विनय कुमार (21) लविवि में बीकॉम तृतीय वर्ष का छात्र था।
दोपहर में पिता काम से गए थे और मां अपने भाई के घर गई थी। बड़ा भाई विजय व उसकी पत्नी घर में थी। भाई ने बताया कि दोपहर दो बजे विनय टीवी देख रहा था।
काफी देर तक कमरा न खुलने पर भाई ने आवाज लगाई। आहट न मिलने पर खिड़की से देखा तो उसकी चीख निकल गई। दरवाजा तोड़कर उसे फंदे से उतारकर अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने घर पहुंचकर छानबीन की तो कमरे में बेड व फर्श पर खून था। पुलिस ने शव देखा तो उसकी बाएं हाथ की नस कटी मिली। बेड पर रखी छात्र की किताब से पुलिस को सुसाइड नोट मिला।
जिसमें उसने लिखा है मैं खुद अपनी मौत का जिम्मेदार हूं। पुलिस ने छात्र का मोबाइल चेक किया तो उसकी कॉल डिटेल व मैसेज डिलीट मिले। पुलिस मोबाइल कब्जे में लेकर छानबीन कर रही है।
छात्र की मौत के बाद घर में कोहराम मचा था। एसओ का कहना है कॉल डिटेल के बाद ही मौत की वजह साफ हो पाएगी।