लखनऊ के हजरतगंज में नौकरी का झांसा देकर आठ लाख रुपये ठगने के आरोप में छह लोगों पर एफआईआर दर्ज कराई गई है। पीड़ित का कहना है कि रजिस्ट्रेशन व अन्य औपचारिकताओं के नाम पर ठगों ने रुपये लेकर फर्जी नियुक्तिपत्र थमा दिया। विवेचना दरोगा ओपी यादव को सौंपी गई है।
दरोगा ओपी यादव ने बताया कि आरोपी कृष्ण कुमार यादव, विजय कुमार यादव, दुर्गेश तिवारी, दिनेश चंद्र यादव ने किसान विकास परिषद और किसान विकास फेडरेशन के नाम से दो कंपनियों का रजिस्ट्रेशन कराया था। कंपनियां ब्लॉक स्तर पर किसानों को खाद, बीज व अन्य सुविधाएं मुहैया कराने का दावा करती थीं।
कंपनियों का ऑफिस तेलीबाग में था, लेकिन कुछ महीने पहले वहां का ऑफिस बंद करके हजरतगंज के वजीर हसन रोड पर दूसरा ऑफिस खोला गया। बीते वर्ष कंपनी संचालकों ने सेल्स और मार्केटिंग सहित अन्य सेक्शन में नौकरी के आवेदन मंगाए।
नवंबर में सहारनपुर के सरसवा निवासी अंजू कुमार ने कंपनी संचालकों से संपर्क किया। उसे बेहतर भविष्य बनाने का झांसा देकर ठगों ने किसान विकास परिषद में सदस्य बना लिया और किसान विकास फेडरेशन में एक्जीक्यूटिव अधिकारी की नौकरी का ऑफर दिया।