बालिका की दुष्कर्म के बाद हत्या के मामले में अदालत ने मासूम सहेली की गवाही के बाद गुरुवार को आरोपी को आजीवन कठोर कारावास की सजा दी। अदालत ने दोषी पर 41 हजार रुपये का जुर्माना भी ठोंका है।
जुर्माने की राशि में से 30 हजार रुपये मृतका के माता-पिता को देने का आदेश हुआ है। फैसला विशेष न्यायाधीश एससीएसटी एक्ट फरीदुलहक की कोर्ट से हुआ। मामला पटरंगा थाने का है।
अधिवक्ता ज्ञान त्रिपाठी, जुबेर अहमद व श्री प्रकाश सिंह ने बताया कि घटना 6 अगस्त 2011 के शाम चार बजे की है। पटरंगा थाना क्षेत्र के एक गांव की 11 वर्षीय बालिका जंगल में बकरी हांकने गई थी, लेकिन लौट कर नहीं आई।
काफी तलाश के बाद उसका शव गांव के ही ननकू यादव के गन्ने के खेत में मिला। इसकी रिपोर्ट मृतका के पिता ने अज्ञात के खिलाफ हत्या की धारा में लिखाई थी। पुलिस ने जांच के बाद गांव के ही राम उजागिर को आरोपी बनाया।