चारबाग बस अड्डे पर मौजूद भीड़।
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रेलवे ने 31 मार्च तक सारी गाड़ियों को निरस्त कर दिया। इसलिए राजधानी के हजारों लोग महाराष्ट्र में फंसकर रह गए हैं। वह वापस राजधानी नहीं लौट पाए हैं। मुंबई में पावभाजी बेचने वाले रामानंद ने बताया कि उनके कई साथी अभी भी मुंबई में हैं, उनका लौटना मुश्किल हो गया है। ऐसे ही पुष्पक की जनरल बोगी से पहुंचे अनिल यादव ने बताया कि वह तो जैसे-तैसे लखनऊ पहुंच गए, लेकिन उनके साथ किराए पर रहने वाले कई साथी अभी भी वहां फंसे हुए हैं।
खतरा इसलिए...कतार में हुई थर्मल स्कैनिंग
लखनऊ जंक्शन पर यात्रियों की कतार में थर्मल स्कैनिंग की गई। भीड़ अधिक होने की वजह से एक-दूसरे के बीच में इंचभर भी जगह नहीं थी। थर्मल स्कैनिंग से संक्रमित व्यक्ति का पता नहीं लगाया जा सकता। ऐसे में कोई भी उसमें संक्रमित हो तो अन्य को भी संक्रमित कर सकता है।
पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के पीआरओ महेश गुप्ता ने बताया कि रविवार को पुणे लखनऊ जंक्शन एक्सप्रेस, मुंबई लखनऊ जंक्शन पुष्पक एक्सप्रेस, बरौनी लखनऊ जंक्शन, बांद्रा-लखनऊ जंक्शन एक्सप्रेस व लोकमान्य तिलक लखनऊ जंक्शन एक्सप्रेस की थर्मल स्कैनिंग हुई। इस दौरान कोई भी कोरोना संदिग्ध नहीं मिला।