रामपुर के टांडा क्षेत्र स्थित मदरसे में बुधवार दोपहर एक साथ 522 छात्रों के होने की सूचना मिली है। वहीं रामपुर शहर के एक मदरसे में 50 लड़कियों के होने की भी खबर है। निजामुद्दीन मरकज के मामले के तूल पकड़ने के बाद मदरसा संचालकों ने आज प्रशासन को इतनी बड़ी संख्या में छात्रों के होने की जानकारी दी। अबतक प्रशासन से यह बात छुपाई गई थी।
प्रदेश में कोरोना वायरस के कारण एक ही दिन में दूसरी मौत का मामला सामने आया है। मेरठ में 72 साल के बुजुर्ग ने बुधवार को दम तोड़ दिया। जिलाधिकारी ने इसकी पुष्टि की है। मेरठ में कोरोना से मौत का यह पहला मामला है। बुजुर्ग मेडिकल के कोरोना वार्ड में भर्ती थे। 29 मार्च को उन्हें कोरोना की पुष्टि हुई थी। इससे पहले गोरखपुर में एक 25 साल के युवक की रिपोर्ट में कोरोना के कारण मौत की पुष्टि हुई है।
कानपुर में बाहर से आए तबलीगी जमात के लोगों को जिन्हें कोरोना वायरस जांच में नेगेटिव पाया गया है। इन सभी को उनके वतन भेजने का आदेश गृह मंत्रालय की तरफ से जारी हुआ है। इस संबंध में प्रमुख सचिव के माध्यम से सभी जिलाधिकारियों के पास यह आदेश भेज दिया गया है। आदेश में कहा गया है कि जितने भी तबलीगी जमात के लोग हैं उनकी पूरी जांच हो। इसके बाद सभी को तत्काल नजदीकी एयरपोर्ट से उनके देश भेजा जाए।
मुरादाबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती कोरोना संदिग्ध महिला की हालत गंभीर बताई जा रही है। मंगलवार को ही जांच के सैंपल लिए गए थे। हालांकि अबतक रिपोर्ट नहीं आई है।
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में मंगलवार शाम मस्जिद के बाहर नमाज पढ़ने के लिए लोगों की भीड़ जुट गई। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने धारा 144 का उल्लंघन करने को लेकर कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया। इस पर वहां कुछ महिलाएं आ गईं और हंगामा करने लगीं। इसी बीच हिरासत में लिए गए लोग भाग निकले। मामले में धारा 144 के उल्लंघन के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई है। जो लोग भागे हैं उनके खिलाफ धारा 144 के उल्लंघन के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
नोएडा की सीजफायर कंपनी में काम करने वाले बरेली के सुभाषनगर के युवक के परिवार के पांच लोगों में भी कोरोना संक्रमण की पुष्टि हो गई है। केजीएमयू (लखनऊ) से सुबह छह बजे आई रिपोर्ट में युवक के माता पिता, भाई-बहन और पत्नी को पॉजिटिव बताया गया है। इस परिवार के संपर्क में आए 14 लोग पहले ही चिह्नित किए गए थे, अब उनके संपर्क में आए और लोगों की भी तलाश की जा रही है।
मुरादाबाद शहर में एक कोरोना संदिग्ध की मंगलवार रात में मौत हो गई। 32 वर्षीय युवक दो दिन से निजी अस्पताल में भर्ती था। मंगलवार दोपहर में उसका कोरोना सैंपल लिया गया था। जांच रिपोर्ट आने से पहले उसका शरीर परिजनों को नहीं सौंपा जाएगा। युवक दो दिन तक शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती था। मृतक पेशे से ड्राइवर था। सोमवार को अस्पताल ने युवक को कोरोना की आशंका के चलते जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया था। युवक का शुगर लेवल बहुत हाई था। मरीज का कोई यात्रा इतिहास नहीं है।
यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मरकज मामले को लेकर राजधानी लखनऊ में शीर्ष अधिकारियों के साथ बैठक की है।
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में पहले कोरोना पॉजिटिव मरीज की मौत होने से शहर में हड़कंप मच गया है। यह प्रदेश में किसी कोरोना पॉजिटिव की पहली मौत है। बस्ती के जिस युवक की मौत हुई है उसकी उम्र 25 साल बताई जा रही है। इतनी कम उम्र का देश में यह पहला मामला है। केजीएमयू लखनऊ के मीडिया प्रभारी डॉ सुधीर सिंह के मुताबिक गोरखपुर से जो सैम्पल आया था, वह जांच में पॉजिटिव मिला है। गोरखपुर में हुई जांच भी सही थी। केजीएमयू से क्रास चेक होना था। इसमें भी मामला सही पाया गया।
गौरतलब है कि गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज के कोरोना वार्ड में भर्ती मरीज की सोमवार को मौत हो गई थी, उसकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण कोरोना बताया गया था। यह जानकारी मिलते ही शहर में हड़कंप मच गया। जिसके बाद इस रिपोर्ट को केजीएमयू दोबारा जांच के लिए भेजा गया था। मृतक बस्ती जिले का रहने वाला था, प्रशासन ने एहतियातन बस्ती में उसके घर और आसपास के इलाके को पूरी तरह से सीज कर दिया गया है। बता दें कि सोमवार देर रात ही डॉक्टरों की टीम ने आनन-फानन में मरीज के लार का नमूना लेकर जांच के लिए आरएमआरसी सेंटर में भेजा था। जिसकी रिपोर्ट मंगलवार को आई थी।
उत्तर प्रदेश में बुधवार को प्रदेश में 13 नए पॉजिटिव मामले मिले हैं। इनमें नोएडा में नौ, दो बुलंदशहर, आगरा और बस्ती में एक-एक मरीज मिला है। इस तरह अब यूपी में संक्रमितों की संख्या 116 हो गई है।