सुल्तानपुर में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए रविवार की रात से जिले में तत्काल प्रभाव से नाइट कर्फ्यू लागू कर दिया गया। कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या 500 के ऊपर पहुंचते ही डीएम ने नाइट कर्फ्यू लागू करते हुए रात नौ से सुबह छह बजे तक आवागमन समेत अन्य गतिविधियों पर प्रतिबंध लगा दिया है। 20 अप्रैल तक प्रभावी नाइट कर्फ्यू के रिजल्ट के बाद आगे निर्णय लिया जाएगा। कर्फ्यू में केवल जरूरी सेवाओं को बहाल रखा गया है। आदेश जारी करते हुए डीएम ने संबंधित को सख्ती से अनुपालन का निर्देश दिया है। हालांकि दिन में आवाजाही समेत दुकान आदि के संचालन की छूट रहेगी।
जिले में एक सप्ताह से लगातार बढ़ रहे कोरोना संक्रमण को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट रवीश गुप्ता ने रविवार (11 अप्रैल) से 20 अप्रैल तक नाइट कर्फ्यू लागू कर दिया है। संक्रमण पर नियंत्रण के लिए नाइट कर्फ्यू में रात नौ से सुबह छह बजे तक आवागमन समेत अन्य गतिविधियों को प्रतिबंधित कर दिया गया है। इस दौरान जरूरी सेवाओं को छोड़ लोग घरों से बाहर नहीं निकल सकेंगे। रात में दुकान, प्रतिष्ठान समेत अन्य संस्थान पूरी तरह से बंद रहेंगे। कर्फ्यू का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ डीएम ने कार्रवाई का आदेश दिया है। हालांकि इस दौरान स्वास्थ्य, पंचायत चुनाव समेत अन्य जरूरी सेवाओं से जुड़े कार्मिकों को छूट दी गई है।
जिला मजिस्ट्रेट रवीश गुप्ता ने कहा कि कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण के लिए शासनादेश के तहत नाइट कर्फ्यू लागू किया गया है। नाइट कफ्र्यू 20 अप्रैल की सुबह तक प्रभावी रहेगा। इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। संक्रमण पर नियंत्रण के लिए लोग मास्क का प्रयोग करते हुए सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें।
इन सेवाओं को रहेगी छूट
जारी आदेश में स्वास्थ्य सेवाओं, पंचायत चुनाव, होम डिलेवरी, फल, सब्जी, दूध, रसोई गैस, स्वच्छता कर्मियों समेत जरूरी सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों को छूट प्रदान की गई है। इसके साथ ही मालवाहनों, ट्रेन व बस से आने वाले यात्रियों पर भी प्रतिबंध लागू नहीं होगा। बाहर से आने वाले यात्रियों के लिए टिकट ही पास का कार्य करेगा।
प्रतिबंध से मुक्त रहेंगे बड़े कार्य
नाइट कर्फ्यू के दौरान बड़े निर्माण कार्य भी जारी रहेंगे। इसमें पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे, सडक़, पुल आदि के कार्य को प्रतिबंध से बाहर रखा गया है। मंडी परिषद से थोक में होने वाला फल, सब्जी, अनाज का कारोबार भी प्रतिबंध से मुक्त रखा गया है। इसके अलावा सुरक्षा, मरम्मत, एटीएम टेलीकाम, सेवा प्रदाता समेत अन्य आपातकालीन सेवाओं से जुड़े लोगों को भी प्रतिबंध से बाहर रखा गया है।
कफ्र्यू में नहीं हो सकेंगे आयोजन
नाइट कर्फ्यू के दौरान रात नौ से सुबह छह बजे तक सामाजिक, सांस्कृतिक, राजनीतिक, शादी-समारोह समेत अन्य कार्य का आयोजन नहीं हो सकेगा। प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों को इस पर नजर रखने का निर्देश दिया गया है। डीएम ने सभी से कोरोना गाइडलाइन के अनुपालन का निर्देश दिया है।
जरूरी सेवाओं से जुड़े लोगों का परिचय पत्र ही होगा मान्य
जरूरी सेवाओं से जुड़े लोगों को अपने कार्य के लिए कोई अतिरिक्त पास नहीं जारी किया जाएगा। उनका परिचय पत्र ही पास के रूप में मान्य होगा। आदेश जारी करते हुए डीएम ने जरूरी सेवाओं के लिए संबंधित को अधिकारियों को इसके अनुपालन का निर्देश दिया है।
500 के ऊपर पहुंची मरीजों की संख्या
कोरोना संक्रमण का कहर लगातार जिले में जारी है। लगातार संक्रमण से कोरोना मरीजों की संख्या 500 के ऊपर पहुंच गई है। मरीजों की संख्या में लगातार बढ़ोत्तरी को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट ने संक्रमण पर नियंत्रण के लिए नाइट कर्फ्यू लागू कर दिया है।
लापरवाही जारी
कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बाद भी लापरवाही जारी है। बाजारों में दुकानदार समेत ग्राहक भी मास्क व सोशल डिस्टेंसिंग का प्रयोग नहीं कर रहे हैं। इसे देखते हुए संक्रमण का खतरा बढ़ता जा रहा है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक यह स्थित बनी है।
चुनाव से भी संक्रमण बढ़ने का अंदेशा
पंचायत के चल रहे चुनाव से भी संक्रमण का अंदेशा बना है। प्रचार के दौरान कार्यकर्ता व प्रत्याशी वोट पाने के चक्कर में कोरोना गाइडलाइन भूल गए हैं। इसकी वजह से संक्रमण का खतरा बढ़ा है। यही नहीं स्टेला मॉरिस कॉन्वेंट विद्यालय में चल रहे कार्मिकों के प्रशिक्षण में भी सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन नहीं हो पा रहा है।