लखनऊ। दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद सीरियल किलर भाइयों सलीम, सोहराब व रुस्तम ठाकुरगंज के बालागंज निवासी प्रॉपर्टी डीलर अवधेश तिवारी की हत्या की साजिश रच रहे थे। इन भाइयों के चार गुर्गों की गिरफ्तारी से हत्या की साजिश का खुलासा होने से सहमे प्रॉपर्टी डीलर ने सोमवार को डीएम अभिषेक प्रकाश से मुलाकात कर सुरक्षा की गुहार लगाई। इस पर उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस व एलआईयू की रिपोर्ट पर 24 घंटे के भीतर प्रॉपर्टी डीलर को गनर की सुरक्षा दे दी है।
ठाकुरगंज थाना क्षेत्र के आजादनगर, बालागंज निवासी अवधेश तिवारी प्रॉपर्टी डीलर अवधेश तिवारी को एक फरवरी को अनजान नंबर से व्हाट्सएप कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को तिहाड़ जेल में बंद सीरियल किलर भाइयों में से रुस्तम बताते हुए धमकाया था। इसके बाद रुस्तम के गुर्गों ने भी अवधेश को फोन कर मिलने के लिए बुलाया। अवधेश ने एसीपी चौक से शिकायत की। जांच में तिहाड़ जेल में बंद रुस्तम के धमकाने की पुष्टि होने पर ठाकुरगंज पुलिस ने सलीम व रुस्तम समेत पांच पर केस दर्ज किया था। पुलिस ने 22 फरवरी को रुस्तम के गुर्गे समर खान को तमंचा व दो कारतूस के साथ दबोचकर पूछताछ की तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ।
समर खान ने कुबूला कि अवधेश तिवारी को बहाने से बुलाकर हत्या करने की साजिश रची गई थी। मामले में पुलिस ने तौहीद, सादमान, फरहान को भी जेल भेजा था। हत्या की साजिश के खुलासे से सहमे अवधेश तिवारी ने सोमवार को डीएम अभिषेक प्रकाश से मुलाकात कर सुरक्षा की गुहार लगाई। डीएम अभिषेक प्रकाश ने बताया कि मामला गंभीर होने के चलते पुलिस व एलआईयू से रिपोर्ट मंगाकर 24 घंटे के भीतर ही प्रॉपर्टी डीलर को सरकारी गनर की सुरक्षा दिला दी है।