सूत्रों की मानें तो किसी राजपत्रित अधिकारी के बर्खास्तगी के पीछे बड़ा कारण होना चाहिए। वहीं, जबरन रिटायरमेंट के लिए 50 साल की उम्र जरूरी है। सीओ ट्रैफिक संतोष कुमार सिंह 2013 बैच के पीपीएस अधिकारी हैं और उनकी उम्र 32 वर्ष है। ऐसे में सरकार को उन्हें जबरन रिटायर करने के लिए नियमों को शिथिल करना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री की संस्तुति के बाद होगा एडीजी का तबादला
सूत्रों का कहना है कि एडीजी ट्रैफिक एमके बशाल का स्थानांतरण मुख्यमंत्री की संस्तुति के बाद ही होगा। सोमवार को मुख्यमंत्री के मध्यप्रदेश में होने के कारण अब तक उनकी संस्तुति नहीं हो सकी है। वहीं एक पहलू यह भी है कि यातायात में भ्रष्टाचार से जुड़े उपरोक्त प्रकरण में एडीजी की कोई अहम भूमिका नहीं है। सूत्रों का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से बशाल एडीजी ट्रैफिक के रूप में रूटीन कामकाज ढंग से नहीं कर रहे थे। समीक्षा बैठक और महत्वपूर्ण बैठकों में वे या तो अनुपस्थित रहते थे या छुट्टी पर रहते थे। शायद यही वजह है कि मुख्यमंत्री की उनसे नाराजगी अधिक है।