कोरोना वॉरियर्स, पुलिस कर्मी अथवा किसी राज्य कर्मचारी की मृत्यु यदि कोविड संक्रमण से हुई हो तो विभाग संबंधित परिवार के साथ संवेदनशीलता और सहानुभूतिपूर्वक सहयोग करने के मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अनुग्रह राशि का भुगतान हो या मृतक आश्रित सेवायोजन या अन्य कोई प्रकरण, कोई फाइल लंबित न रहे। जिलों में जिलाधिकारी और शासन स्तर पर विभागीय प्रमुख इसकी मॉनीटरिंग करें। जिससे किसी भी परिवार को परेशानी का सामना न करना पड़े।
बच्चों के पालन-पोषण, शिक्षा की व्यवस्था के निर्देश
कोविड के कारण जिन बच्चों के माता-पिता का देहांत हुआ है, उनके लिए मुख्यमंत्री बाल सेवा योजनया शुरू की गई है। इसी प्रकार नॉन कोविड बीमारियों से जिन बच्चों के अभिभावकों का निधन हुआ है, उनके पालन-पोषण और शिक्षा-दीक्षा की भी समुचित व्यवस्था जरूरी है। 18 वर्ष से अधिक उम्र के ऐसे बच्चे जो सभी पढ़ाई कर रहे हैं, उन्हें भी सभी जरूरी संसाधन दिए जाने चाहिए। इनके लिए अच्छी कार्ययोजना तैयार की जाए। राज्य सरकार सभी अनाथ/निराश्रित बच्चों को विकास के सभी अवसर उपलब्ध कराएगी।
केंद्र की मदद से बढ़ेगा टीकाकरण
सीएम ने कहा कि कोविड टीकाकरण संक्रमण से बचाव का सुरक्षा कवर है। प्रधानमंत्री ने 21 जून से सभी आयु वर्ग के टीकाकरण के लिए वैक्सीन उपलब्ध कराने की घोषणा की है। उनका यह प्रयास टीकाकरण को और गति देने वाला है। इस माह एक करोड़ डोज वैक्सीन लगाने का लक्ष्य तय किया गया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जून माह में टीकाकरण की गति बढ़ाकर प्रतिदिन लगभग 6 लाख डोज दिए जाने का प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही कहा कि जुलाई से प्रतिदिन कम से कम 10 लाख कोरोना वैक्सीन के डोज लगाए जाएं।
मुख्यमंत्री ने मंगलवार को वर्चुअल माध्यम से आयोजित बैठक में कोविड-19 की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि बाजारों में भीड़ जुटने ना होने पाए। बाजारों में खरीदार और दुकानदार दोनों को मास्क का अनिवार्य रूप से प्रयोग करना सुनिश्चित किया जाए। अपर निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि प्रदेश में मंगलवार को 457085 डोज टीकाकरण किया गया। अब तक प्रदेश में 17559027 को पहली डोज दी जा चुकी है। जबकि 3670756 को दूसरी डोज लगाई जा चुकी है। अब तक प्रदेश में 2.11 करोड़ डोज टीकाकरण किया जा चुका है।