विधान परिषद में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सोनभद्र कांड का मुख्य हत्यारा सपा की ही कार्यकर्ता है। कानून-व्यवस्था के सवाल पर प्रश्न प्रहर में पक्ष-विपक्ष के बीच खूब टोका-टोकी हुई।
उसके बाद सपा सदस्यों ने हंगामा करते हुए वॉकआउट किया। उनके जाने के कुछ देर बाद ही कांग्रेस के एकमात्र सदस्य दीपक सिंह ने भी बहिर्गमन कर दिया। विपक्ष के वॉकआउट के बाद भी नेता सदन डॉ. दिनेश शर्मा ने कानून-व्यवस्था पर अपना वक्तव्य जारी रखा। उन्होंने इसमें उल्लेखनीय सुधार होने संबंधी आंकड़े रखे।
सपा सदस्य अमित यादव ने 1 मार्च से 15 मार्च 2019 के बीच हत्या, लूट, डकैती और अपहरण की घटनाओं की जानकारी मांगी थी। नेता सदन डॉ. दिनेश शर्मा ने बताया कि इस अवधि में हत्या की 154, लूट के 79 और डकैती की तीन घटनाएं हुईं।
फिरौती के लिए अपहरण की इस दौरान कोई घटना नहीं हुई। यह भी बताया कि यूपी-100 का रिस्पॉन्स टाइम 38 मिनट से घटकर 12 मिनट पर आ गया है। इस पर अमित यादव ने कहा कि 15 दिन के इन आंकड़ों का विश्लेषण करें तो प्रतिदिन करीब 10 हत्याएं हुई हैं। वहीं, सरकार कह रही है कि कानून-व्यवस्था सुदृढ़ हुई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इसमें किसी को शक नहीं होना चाहिए कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति में काफी सुधार आया है। बढ़ता हुआ निवेश इसका परिणाम है। अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की गई है।
रूट चार्ट भी बनाया गया है। ढाई साल के कार्यकाल में सांप्रदायिक सौहार्द का जो माहौल रहा है, वो उससे पहले कभी नहीं रहा। उन्होंने कहा कि सोनभद्र में नृशंसतापूर्ण हत्या का मामला सामने आया है। एक पार्टी के वरिष्ठ नेता ने गलत तरीके से यह जमीन ट्रस्ट के नाम कर दी थी। बाद में उसे अपने परिवार के सदस्यों के नाम करवा दिया।
विपक्षी सदस्यों ने इस पर टोकाटाकी की तो सीएम ने कहा, अगर आप सच बोल नहीं सकते तो कम से कम सच सुनने की आदत तो डालना चाहिए। योगी ने कहा, बार-बार कह रहा हूं कि सोनभद्र कांड का हत्यारा प्रधान सपा से जुड़ा है। इसी बीच सपा के सदस्य शतरुद्र प्रकाश ने सभापति से अपील की कि यह प्रश्नकाल है।
इसमें सीएम भी प्रश्न से संबंधित जवाब ही दे सकते हैं। अगर उन्हें विस्तार से बोलना है तो हम धैर्य के साथ सुनेंगे, पर इसके लिए वे शून्य प्रहर तक रुकें। नेता प्रतिपक्ष अहमद हसन ने सीएम की बात का विरोध करते हुए कहा कि हत्यारा प्रधान भाजपा का सदस्य है। उसे सरकार का पूरा संरक्षण मिला हुआ है।