यूपी के सीएम अखिलेश यादव की सुरक्षा में आई भारी चूक के बाद लापरवाह अफसरों पर गाज गिरनी शुरू हो गई। सीएम के लिफ्ट में फंसने की घटना के बाद चार अफसरों को सस्पेंड कर दिया गया है।
घटना के वक्त गैरमौजूद अफसरों को लापरवाह मानते हुए उन्हें सस्पेंड किया गया है साथ ही लिफ्ट बनाने वाली कम्पनी पर भी एफआईआर करने के आदेश दिए गए। शासन ने चार इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है जिसमें पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता अजय श्रीवास्तव, एक्सईएन धर्मदेव सिंह, एई धर्मेंद्र सिंह, जेई सीताराम हैं।
बता दें कि यूपी के सीएम अखिलेश यादव की सुरक्षा में शुक्रवार को बड़ी चूक हो गई। एक कार्यक्रम से लौटकर आ रहे अखिलेश विधानसभा की लिफ्ट में फंस गए। उनके साथ उनकी पत्नी डिम्पल यादव भी थीं।
दोनों करीब आधे घंटे तक लिफ्ट में फंसे रहे। इस घटना की सूचना मिलते ही हड़कम्प मच गया। मुख्यमंत्री के लिफ्ट में फंसने के समय विधान भवन की मेंटेंनेंस के प्रभारी
पीडब्ल्यूडी के अधिशाषी अभियंता, सहायक अभियंता तथा अवर अभियंता गायब थे। आधे घंटे बाद सीएम और उनकी पत्नी को लिफ्ट काटकर निकाला जा सका।
बता दें कि विधानसभा में बाल संसद के बाद बाहर निकलने के दौरान मुख्यमंत्री और उनकी पत्नी सांसद डिंपल यादव को नीचे ला रही लिफ्ट खराब हो गई। मुख्यमंत्री के कुछ देर तक नीचे न उतरने पर सुरक्षा एजेंसियों में खलबली मच गई।
सूचना मिलते ही चारों तरफ अफरा-तफरी मच गई। मौके पर एंबुलेंस और ऑक्सीजन भी मंगवा ली गई थी। सीएम को करीब आधे घंटे बाद लिफ्ट से सुरक्षित बाहर निकाला गया। निकलने के बाद सीएम की तरफ से घटना के बारे में ट्विटर पर अपडेट किया गया। लिखा कि ईश्वर की कृपा और शुभचिंतकों की शुभकामनों की वजह से सुरक्षित बच गया हूं।