कमर तक पानी में फलों से भरी टोकरी के साथ छठ माई के गीत गाती सजी-धजी हजारों महिलाओं के साथ पुरुषों को शुक्रवार शाम गोमती तट के किनारे अस्त होते सूर्य को अर्घ्य देने के लिए काफी इंतजार करना पड़ा।
आखिरकार जब बादलों में छिपे सूरज ने दीदार नहीं कराए, तो गोमती तट पर मौजूद हजारों महिलाओं ने घड़ी देखकर ही अर्घ्य दे दिया।
कुछ लोग ठंडी हवाओं से भी सिकुड़ गए और पूजा-पाठ को अंजाम देकर अपने-अपने घर चले गए।
मौसम विज्ञानी जेपी गुप्ता ने बताया कि अगले 36 घंटे तक मौसम साफ नहीं होगा और आसमान में बादल छाए रहेंगे, जिससे अस्त होते सूरज को अर्घ्य देना लुकाछिपी के खेल जैसा हो सकता है।
कार्तिक शुक्ल पक्ष षष्ठी पर महिलाएं आज लक्ष्मण मेला घाट, महाराज अग्रसेन घाट, डालीगंज पुल घाट, पक्का पुल घाट, झूलेलाल घाट, खाटू श्याम घाट, कुड़ियाघाट समेत नगर में नदी किनारे दर्जन भर घाटों पर महापर्व छठ की पूजा हुई।
कार्तिक शुक्ल पक्ष षष्ठी को पूर्वांचल के पर्व छठ की रौनक बृहस्पतिवार को भी बाजारों में रही। सुबह से ही महिलाओं ने बाजारों में पूजा सामग्री के साथ जरूरी सामान की खरीदारी की।
घरों में महिलाओं ने प्रसाद के लिए ठेकुआ बनाया। उधर, बृहस्पतिवार को देर शाम तक घाटों पर पूजा के लिए तैयारियां अंतिम दौर में रही।
शाम 5:21 बजे हुआ सूर्यास्त
नहाय खाय के बाद बृहस्पतिवार को छोटी छठ मनाई गई। महिलाओं ने देर शाम दूध, गुड़ की खीर, घी-रोटी युक्त अल्पाहार (खरना) ग्रहण कर छोटी छठ से निर्जला व्रत की शुरुआत की।
अब महिलाएं शुक्रवार को शाम 5:21 बजे अस्ताचल सूर्य को अर्घ्य देने के बाद शनिवार सुबह उदय होते हुए सूर्य को अर्घ्य देने के बाद ही व्रत का पारण करेंगी।
बहेगी भोजपुरी की बयार, रंग जमाएंगे कलाकार
लक्ष्मण मेला मैदान में 8 नवंबर को छठ पूजा समारोह में भोजपुरी लोक गायक गोपाल राय समेत दर्जनों कलाकार प्रस्तुतियों से धूम मचाएंगे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शंकर यादव, अमरनाथ वर्मा, शशिभूषण शुक्ला, सुरेश कुशवाहा, शशिलेखा सिंह, वंदना गुप्ता, एसपी चौहान, संतोष बनारसी, अकरम अंजाना, रविशंकर देहाती समेत तमाम कलाकार देर शाम तक प्रस्तुतियों देंगे।