कोरोना से मरीज की मौत के बाद घर वालों संग डॉक्टर व स्टाफ को सावधानी बरतनी होगी। क्योंकि जरा सी लापरवाही घातक हो सकती है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य मंत्रालय ने कोरोना से मौत के बाद पोस्टमार्टम से लेकर दाह संस्कार तक के लिए नई गाइड लाइन तय की है।
इसका सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं। आम लोगों को सख्त निर्देश हैं कि वह शव के चेहरे के अलावा कोई भाग नहीं देख सकते। यही नहीं शव को नहलाने, गले लगाने व चूमने पर भी पाबंदी है।
सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल का कहना है कि कोरोना खांसते या छींकते समय ज्यादा फैलता है। ऐसे में स्वास्थ्य कर्मचारी ग्लव्स, मॉस्क, चश्मा व किट पहनकर ही मृत शरीर को छुएं।
शव को कीटाणु सहित लीक न होने वाले बैग या लिनन में ही रखें। कैथेटर, ट्यूब, ड्रेनेज, कैनुला आदि चिकित्सीय उपकरणों को एक फीसदी हाइपोक्लोराइट से विसंक्रमित करना और सुरक्षित रखना या डिस्पोज करना है।