बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में आए दिन होने वाले धरना-प्रदर्शन पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने सख्ती की है। प्रॉक्टोरियल बोर्ड ने तय किया है कि परिसर में बिना अनुमति धरना-प्रदर्शन नहीं किया जा सकेगा।
वहीं धरना-प्रदर्शन के कारण यदि कक्षाएं व अन्य कार्य प्रभावित हो रहे हैं तो संबंधित पर आर्थिक दंड लगाया जाएगा। प्रॉक्टर प्रो. रामचंद्रा की अध्यक्षता में हुई प्रॉक्टोरियल बोर्ड की बैठक में तय हुआ कि धरना-प्रदर्शन के लिए जल्द ही विस्तृत नियमावली तैयार करके प्रभावी की जाएगी।
इसी क्रम में तय हुआ कि परिसर में पूर्व में लगे और खराब हो गए सीसीटीवी कैमरों की जांच कराई जाएगी कि ये इतनी जल्द कैसे खराब हो गए? इसके साथ ही इन्हें पूरी तरह फंक्शनल किया जाएगा। सुरक्षा गार्डों की एक मोबाइल टीम बनाई जाएगी जो पूरे परिसर पर घूम-घूमकर नजर रखेगी।
किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधियों की सूचना प्रॉक्टोरियल बोर्ड को देगी। बताया गया कि अक्सर देखा जा रहा है कि दिन ढलने के बाद परिसर में बाहरी युवाओं का प्रवेश होता है। परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर करने के लिए सुरक्षा कर्मियों के लिए टेंडर जारी किया जा चुका है और उनके लिए कड़े नियम बनाए गए हैं।