कॉमन एडमिशन लॉ टेस्ट (क्लैट) पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार कठिन होने के कारण मेरिट काफी नीचे आ गिरी। इसमें क्वालीफाई करने वाले छात्रों की संख्या भी काफी कम हुई है।
पांच जून को जब नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी की कट-ऑफ जारी होगी तब स्थिति और साफ होगी कि किस अभ्यर्थी को कौन की यूनिवर्सिटी में दाखिले के लिए कॉल आई है। एक अनुमान के मुताबिक मेरिट और क्वालीफाई करने वाले छात्रों की संख्या में करीब 50 फीसदी से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई है।
क्लैट का आयोजन पटना स्थित चाणक्य राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय ने 14 मई को किया था। देशभर में इसके लिए 138 केंद्र बनाए गए थे। क्लैट के लिए 50,676 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया था, जिसमें 47,108 अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन टेस्ट दिया था।