प्रदेश कैबिनेट ने औद्योगिक विकास प्राधिकरणों में एक जनवरी 2016 से सातवें वेतन आयोग की संस्तुतियां लागू करने का फैसला किया है। इस फैसले से करीब 2500 कर्मियों को फायदा मिलेगा।
प्रदेश में औद्योगिक क्षेत्र विकास अधिनियम-1976 के तहत औद्योगिक अवस्थापना सुविधाओं के विकास के लिए औद्योगिक विकास प्राधिकरणों का गठन किया गया है।
ये प्राधिकरण निगमित निकाय हैं और आय-व्यय की व्यवस्था खुद करते हैं। औद्योगिक विकास प्राधिकरण (केंद्रीयत) सेवा नियमावली-2018 लागू होने से सभी प्राधिकरणों के कार्मिकों को एक समान वेतनमान दिया जाना है।
नोएडा, ग्रेटर नोएडा, यमुना एक्सप्रेस-वे, गीडा, सीडा और लीडा बोर्ड ने प्राधिकरणों में 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने का अनुमोदन पहले ही कर दिया है।
कैबिनेट ने बोर्ड के अनुमोदन पर विचार के बाद सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को 1 जनवरी 2016 से लागू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। 7वां वेतनमान लागू होने से जो भी अतिरिक्त खर्च आएगा, उसे प्राधिकरण अपने स्तर से वहन करेंगे।