फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP By-elections : पार्टियों ने शुरू कीं तैयारियां, टिकट घोषित करने में सपा सबसे आगे; ये है सीक्रेट प्लान

Wed, 16 Oct 2024 12:06 AM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

चुनाव की तारीख घोषित होने से पहले ही प्रदेश की प्रमुख पार्टियां रणनीति बनाने में जुट गई थीं। 


 
विज्ञापन
यूपी में उपचुनाव। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रदेश की 10 विधानसभा सीटों पर होने वाले उप चुनाव का कार्यक्रम जारी होने के साथ ही चुनावी जंग में कूदने वाले सभी सियासी दलों में हलचल तेज हो गई है। हालांकि चुनाव की अधिसूचना जारी होने से पहले ही भाजपा, सपा और बसपा ने अपनी-अपनी तैयारियां शुरू कर दी थी जबकि इंडिया गठबंधन में सीटों के बंटवारे पर असमंजस से कांग्रेस दोराहे पर खड़ी दिख रही है। सपा तो पांच सीटों पर प्रत्याशी भी घोषित कर चुकी है।

विज्ञापन


यूपी की नौ सीटों पर उपचुनाव
यूपी में विधानसभा की 10 में से नौ सीटों पर उपचुनाव की घोषणा कर दी गई है। अयोध्या जिले की मिल्कीपुर सीट पर अभी उपचुनाव नहीं होगा। नौ सीटों पर उपचुनाव के लिए मतदान 13 नवंबर को जबकि मतगणना 23 नवंबर को होगी।

इन सीटों पर होने हैं उपचुनाव
यूपी में करहल (मैनपुरी), सीसामऊ (कानपुर), मिल्कीपुर (अयोध्या), कटेहरी (अंबेडकरनगर), कुंदरकी (मुरादाबाद), खैर (अलीगढ़), गाजियाबाद, फूलपुर (प्रयागराज), मझवा (मिर्जापुर) और मीरापुर (मुजफ्फरनगर) पर उपचुनाव होने हैं। सीसामऊ सीट सपा विधायक इरफान सोलंकी को सजा होने से रिक्त हुई है जबकि 9 विधायक, लोकसभा सदस्य बन चुके हैं। 

विज्ञापन

भाजपाः पार्टी व संगठन तैयार, प्रत्याशी का इंतजार

जेपी नड्डा और योगी आदित्यनाथ - फोटो : Amar Ujala
विधानसभा उप चुनाव का बिगुल बजने के साथ ही भाजपा अगले चरण की चुनावी तैयारी में जुट गई है। सरकार और संगठन ने पहले चरण की तैयारी काफी पहले पूरी कर चुकी है । पार्टी की तैयारियों के लिहाज से देखा जाए तो सरकार और संगठन ने मिलकर प्रदेश की सभी 10 सीटों पर राजोगार मेला, जनसभा, बूथ प्रबंधन समेत सभी तैयारियों क पूरी कर चुकी है।

प्रत्याशियों के चयन की प्रक्रिया भी अंतिम चरण में हैं। प्रदेश संगठन की ओर से हर सीट के लिए तीन-तीन नाम का पैनल केन्द्रीय नेतृत्व को भेजा जा चुका है। संभावना है कि जल्द ही केन्द्रीय चुनाव समिति की बैठक होने वाली है। इसलिए माना जा रहा है कि एक-दो दिन में भाजपा भी प्रत्याशियों की सूची जारी कर देगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद उप चुनाव की जिम्मेदारी खुद के कंधों पर ले रखी है और उन्होंने अब तक सभी 10 सीटों पर दो से चार बार चक्कर लगा चुके हैं।

अधिकारियों व पदाधिकारियों के साथ बैठक करके फीडबैक ले चुके हैं। बूथ तक के पदाधिकारियों के साथ बैठक करके चुनावी रणनीति पर चर्चा करने के साथ ही सीएम जिला, तहसील और ब्लाक स्तरीय संगठन के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर चुके हैं। यहीं नहीं करीब एक महीने पहले ही सीएम ने सरकार के 30 मंत्रियों की टीम बनाकर मैदान में उतार चुके हैं।

हर सीट की तीन-तीन मंत्रियों को जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा सीएम, दोनों डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य व ब्रजेश पाठक, प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र चौधरी और महामंत्री संगठन धर्मपाल ने भी दो-दो सीटों का प्रभार ले रखा है ।

मिल्कीपुर समेत छह सीटों पर सपा घोषित कर चुकी है प्रत्याशी

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव। - फोटो : amar ujala
प्रदेश की नौ विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए समाजवादी पार्टी सबसे पहले अपने प्रत्याशियों की घोषणा कर चुकी है। पार्टी मिल्कीपुर समेत छह सीटों पर अपने प्रत्याशी उतार चुकी हैं, हालांकि फिलहाल मिल्कीपुर का चुनाव टल गया है। यदि कांग्रेस से सीटों के बंटवारे पर सहमति नहीं बनी तो सपा बाकी चार सीटों पर भी अपने प्रत्याशी घोषित कर सकती है। हालांकि कांग्रेस को दो सीट देने पर बातचीत का दौर जारी है।

बता दें कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के सांसद बनने के बाद रिक्त हुई मैनपुरी की करहल विधानसभा सीट पर पूर्व सांसद तेज प्रताप यादव को प्रत्याशी घोषित किया है। इसी तरह सीसामऊ सीट से सपा विधायक इरफान सोलंकी की सदस्यता समाप्त होने की वजह से रिक्त हुई सीट पर उनकी पत्नी नसीम सोलंकी को टिकट दिया है। इसके अलावा फूलपुर से मुस्तफा सिद्दीकी, कटेहरी से शोभावती वर्मा और मझवां सीट से डॉ. ज्योति बिंद को प्रत्याशी बनाया है।

गठबंधन कायम रखते हुए बची सीटों पर लगी कांग्रेस की निगाह

राहुल गांधी, नेता विपक्ष, लोकसभा - फोटो : ANI
प्रदेश की नौ विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले उपचुनाव में पांच सीटों पर सपा उम्मीदवार उतार चुकी है। अब कांग्रेस गठबंधन धर्म निभाने की दुहाई देते हुए बची चार सीटों पर निगाह लगाए हुए हैं। उसे उम्मीद है कि कम से कम दो सीटें उसे मिल सकती है। विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस ने मझवां, फूलपुर, गाजियाबाद, खैर, कुंदरकी और मीरापुर सीट पर दावा किया था। सपा ने मझवां, फूलपुर सहित पांच सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा कर चुकी है। ऐसे में अब कांग्रेस गठबंधन धर्म निभाने की दुहाई दे रही है। साथ ही बाकी बची चार सीटों में से कुछ सीटों मिलने की बात कह रही है।

कांग्रेस को उम्मीद है कि उसे कम से कम दो सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय का कहना है कि उन्होंने पांच सीटों पर प्रस्ताव भेजा था। अभी चार सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा होना बाकी है। कुछ सीटों उन्हें जरूर मिलेंगी। हालांकि वह कहते हैं कि भाजपा के शासन से प्रदेशवासियों को मुक्ति दिलाने के लिए सपा के साथ गठबंधन जरूरी है। कांग्रेस गठबंधन धर्म निभाते हुए निरंतर भाजपा के खिलाफ संघर्ष करेगी।
विज्ञापन

बसपा बना चुकी है प्रभारी, तैयारियां जोरों पर

बसपा सुप्रीमो मायावती। - फोटो : amar ujala
बहुजन समाज पार्टी बीते तीन माह से उपचुनाव की तैयारियों में जुटी है। पार्टी ने सभी 10 सीटों पर चुनाव लड़ने के लिए प्रभारी नियुक्त कर दिए हैं, जिन्हें अब उपचुनाव की तारीख की घोषणा के बाद प्रत्याशी बना दिया जाएगा। बता दें कि बसपा ने लोकसभा चुनाव के दौरान 5 सीटों पर हुए उपचुनाव में भी अपने प्रत्याशी उतारे थे। अपने अस्तित्व को बचाने को जूझ रही बसपा आगामी उपचुनाव में पूरी दमदारी के साथ उतरने जा रही है ताकि उसके हिस्से में भी कुछ सीटें आ सकें। जल्द ही बसपा सुप्रीमो मायावती इस संबंध में अहम घोषणा कर सकती हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें