सूबे में सैकड़ों ऐसी फर्में हैं, जो एक ही पैन के आधार पर अपना कारोबार कर रही हैं। जांच में ऐसी 180 फर्मों का पर्दाफाश हुआ है। इसके बाद वाणिज्य कर मुख्यालय ने 200 से अधिक ऐसी फर्मों की सूची तैयार कराई है। अब इन सबकी विस्तृत जांच कराई जाएगी।
इसके बाद, इन फर्मों का पंजीकरण रद्द करने के साथ ही आर्थिक दंड भी लगाया जाएगा। प्रमुख सचिव वाणिज्य कर ने इन फर्मों के अलावा विभाग में पंजीकृत सभी फर्मों के कारोबार व पैन नंबरों के मिलान के भी निर्देश दिए हैं। इसके अलावा, व्यापारियों द्वारा जमा किए गए पैन का भी परीक्षण कराया जाएगा।
व्यापारियों व वाणिज्य कर विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से धड़ल्ले से टैक्स चोरी का खेल चल रहा है। हाल ही में मुख्यालय के निर्देश पर सभी जोन में चलाए गए जांच अभियान में पाया गया कि प्रदेश के करीब 29 जिलों में 180 फर्में एक ही पैन नंबर पर कारोबार कर रही हैं।
इससे लाखों रुपये की टैक्स चोरी का अनुमान है। इस तरह की सबसे अधिक फर्में देवरिया और रामपुर में पंजीकृत हैं।
खेल का खुलासा होने पर अधिकारी सकते में
उधर, व्यापारियों व स्थानीय अधिकारियों के गठजोड़ से चल रहे इस खेल की जानकारी होने पर मुख्यालय के अधिकारी भी सकते में हैं।
फिलहाल, एक ही पैन नंबर पर कारोबार करने वाली 180 फर्मों से संबंधित सभी जोन के एडीशनल कमिश्नरों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने जोन में व्यापारियों के पैन कार्ड का सत्यापन कराएं।
इन जिलों में हो रहा है एक ही पैन पर कारोबार
देवरिया, रामपुर, गोरखपुर, बरेली, इटावा, हमीरपुर, कानपुर देहात, कानपुर नगर, अमेठी, अमरोहा, कुशीनगर, सहारनपुर, गौतमबुद्धनगर, गोंडा, बुलंदशहर, रायबरेली, कन्नौज, सुल्तानपुर, गाजीपुर, अलीगढ़, मऊ, सोनभद्र, इलाहाबाद, गाजियाबाद, आजमगढ़, बस्ती, मेरठ, जौनपुर और वाराणसी।