नसीमुद्दीन सिद्दीकी के आरोपों के बाद बसपा सुप्रीमो मायावती को जनता से माफी मांगकर राजनीति छोड़ देनी चाहिए। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता डॉ. चंद्रमोहन सिंह ने यह बात कही है।
उन्होंने कहा, दलित वोटों का सौदा कर धन उगाही करना ही मायावती का राजनीतिक लक्ष्य है। जनता 2012, 2014 और 2017 में उन्हें हराकर वोटों की सौदागरी की समाप्ति का संदेश दे चुकी है।
बृहस्पतिवार के एपीसोड से सिद्ध हो चुका है कि बसपा राजनीतिक दल नहीं है बल्कि धन उगाही का गिरोह है।
मायावती दलित की बेटी का अभिनय करके दलितों के वोटों का सौदा करती रहीं। अपनी हार का ठीकरा ईवीएम पर फोड़ने वाली मायावती की हार का कारण जन उपेक्षा और टिकट बेचना है। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के परिश्रम से यूपी में विकास और बदलाव का वातावरण बन रहा है।