यूपी को फतह करने के लिए भाजपा असम, पश्चिम बंगाल और केरल के विधानसभा चुनाव में अपनाए फार्मूले पर काम करेगी। बूथ के बाद अब पार्टी पन्ना प्रभारी बनाने की तैयारी में है।
इसमें दस-दस घरों के बीच एक पन्ना प्रभारी को जिम्मेदारी दी जाएगी। जो यह जानने की कोशिश करेगा कि इन घरों के परिवारों में भाजपा के साथ कौन है और दूसरी पार्टियों के प्रति किसका लगाव है। उसी आधार पर इन मतदाताओं की कांउसलिंग की जाएगी।
इसके लिए बूथ और सेक्टर स्तर पर जल्द ही सम्मेलन के बाद पन्ना प्रमुखों की घोषणा कर दी जाएगी।
बूथ और पन्ना प्रभारियों के जरिए पार्टी ने तय किया है कि उसे किन क्षेत्रों में रहने वाले मतदाताओं को क्या क्या समझाना है। किसके रिश्ते किससे मजबूत और खराब हैं, पन्ना प्रभारी यह भी पता लगाने की कोशिश करेगा।