मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दलित नेताओं के साथ सहभोज पर बसपा सुप्रीमो मायावती की प्रतिक्रिया उनकी बौखलाहट और कुंठा का परिचायक है। योगी सरकार ने सहारनपुर हिंसा के दोषियों को दंडित किया।
जबकि बसपा सुप्रीमो ने सहारनपुर जाकर सामाजिक विभेद पैदा करने की कोशिश की। यही नहीं, हिंसा के दोषियों को मायावती का खुला संरक्षण मिला है।
ये बातें शुक्रवार को भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता डॉ. चंद्रमोहन सिंह ने कही। वह यहां मीडियाकर्मियों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा, वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव और 2017 के विधानसभा चुनाव में प्रदेश की जनता ने जातिवादियों व भ्रष्टाचारियों को सबक सिखा दिया है।
बसपा सुप्रीमो मायावती की वाणी ‘सर्वजन हिताय सर्वजन सुखाय’ की बात करते-करते ‘परिजन हिताय परिजन सुखाय’ में बदल गई। वे 2012, 2014 और 2017 में यूपी के जनादेश से सीख नहीं ले रही हैं।