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'आंबेडकर की प्रतिमा को भगवा वस्त्र पहनाना उनका अपमान, लगातार आहत किया जा रहा दलित समाज'

Sat, 02 Jun 2018 09:55 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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सांसद सावित्री बाई फुले - फोटो : amar ujala
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बहराइच की सांसद सावित्री बाई फुले ने कहा कि साजिश के तहत प्रदेश में कहीं बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा को दूध से धोकर, टीका लगाकर, भगवा वस्त्र पहनाकर तो कहीं मूर्तियां तोड़कर उन्हें अपमानित किया जा रहा है।

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उन्होंने आरोप लगाया कि बहराइच, आगरा, अलीगढ़, इलाहाबाद सहित अन्य शहरों में लगातार डॉ. आंबेडकर की मूर्तियां तोड़ी जा रही हैं लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात के बाद भी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जा रहा है।

उन्होंने कहा, बहुजन समाज जानना चाहता है कि आखिर बाबा साहब का अपमान करने वालों को कौन बचा रहा है? आरोपियों को बचाकर बहुजन समाज को आहत किया जा रहा है। शनिवार को प्रेस क्लब में नमो बुद्धाय जन सेवा समिति के बैनर तले आयोजित प्रेसवार्ता में फुले ने कहा, कुछ लोग डॉ. आंबेडकर को भगवान बनाना चाहते हैं जबकि  बाबा साहब ने सदैव मूर्ति पूजा और आडंबर का विरोध किया था। हाल ही में साजिशपूर्वक उनकी प्रतिमा को दूध से धोकर भगवा कपड़ा पहनाया गया।
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उन्होंने बाबा साहब का अपमान करने की निंदा की। कहा कि उनके सम्मान को लगातार चोट पहुंचाई जा रही है। बहराइच की घटना इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है जहां डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा तोड़ी गई। नामजद मुकदमा दर्ज कराने केबाद भी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया।

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दलितों को आरक्षित पदों पर नौकरियां देने की मांग की

आंबेडकर प्रतिमा को पहनाये गए भगवा वस्त्र। - फोटो : amar ujala
उन्होंने कहा, बहुजन समाज की सुरक्षा के लिए जो कानून बनाया गया था, उससे भी लगातार छेड़छाड़ हो रही है। देश व प्रदेश में प्रतिदिन घट रही दलित विरोधी घटनाओं से बहुजन समाज सुरक्षा, न्याय और सम्मान को लेकर चिंतित है। उन्होंने दलित परिवारों को खेती के लिए जमीन, खाली पदों पर भर्तियां निकालकर नियमानुसार आरक्षित पदों पर नौकरियां देने की भी मांग की।

निजी क्षेत्र में भी मिले आरक्षण
सावित्री बाई फुले ने कहा, विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों के साथ निजी क्षेत्र की कंपनियों में एससी, एसटी, ओबीसी और महिलाओं को आरक्षण देना चाहिए। उन्होंने केंद्र सरकार से जातिगत जनगणना की मांग करते हुए जनगणना के आधार पर समान अवसर दिलाने की मांग की।

कहा कि संविधान की मूल भावना को आज तक लागू नहीं किया गया। यदि संविधान पूरी तरह लागू हो तो देश में गरीब व गरीबी नहीं दिखेगी। कहा कि दलित व पिछड़े वर्ग के अधिकारी व कर्मचारियों को न्याय नहीं मिल रहा है। आईएएस, पीसीएस, आईपीएस को अच्छी जगह तैनात नहीं किया जाता। उन्होंने सेना में भी दलित व पिछड़े वर्ग को आरक्षण के आधार पर भर्तियां करने की मांग की।
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