केंद्रीय इस्पात मंत्री बेनी प्रसाद वर्मा ने कहा कि मुजफ्फरनगर कांड पर प्रदेश सरकार को इस्तीफा दे देना चाहिए।
दंगा पीडि़तों को राहत पहुंचाने में भी सरकार नाकाम रही है। सरकार खुद भी नहीं चाहती कि वहां शांति स्थापित हो।
अगर सरकार इतनी ईमानदार है तो इस मामले की सीबीआई जांच क्यों नहीं करवाती है? सीबीआई जांच में सब कुछ साफ हो जाएगा।
बेनी ने कहा कि उन्होंने अपने विभाग से मुजफ्फरनगर दंगा पीडि़तों के लिए स्टील के पांच कैंप बनाने के निर्देश दिए हैं। सर्दी से बचाव के लिए यह कैंप लगाए जा रहे हैं। सरकार को इन्हें अपने घरों में भेजने की कोशिश करनी चाहिए।
नरेंद्र मोदी को हिटलर कहा
बेनी ने आरोप लगाया कि वोट बैंक की राजनीति के कारण इन्हें कैंपों में ही रखा जा रहा है। नरेंद्र मोदी को हिटलर व मुलायम सिंह को मुसोलिनी का दर्जा देते हुए एक बार फिर बेनी ने कहा कि राजनैतिक लाभ लेने के लिए मुजफ्फरनगर जैसे कांड करवाए जाते हैं।
बेनी ने कहा कि दंगा कराने वाले व दंगा करने वाले दोनों ही आतंकवादी से कम नहीं हैं। ऐसे लोगों का सामाजिक बहिष्कार करना चाहिए।
यह देश के दुश्मन व वोट के व्यापारी हैं। जिस तरह की नस्लभेदी राजनीति चल रही है वह खतरनाक है। धार्मिक आधार पर वोट मांगना असंवैधानिक है।
आजकल एक वर्ग को डरा-धमकाकर दूसरे वर्ग को खुश किया जा रहा है। मंत्री ने बताया कि मुजफ्फरनगर के दंगा पीडि़त कैंपों में वे अपने विभाग की तरफ से कंबल व गर्म कपड़ों के साथ ही राशन पहुंचा रहे हैं।
प्रदेश सरकार से कहा कि अगर उन्हें कुछ और मदद की जरूरत है तो वे बताएं केंद्र सरकार उसे पूरा करेगी।
दो जगह से चुनाव लड़ेंगे बेनी
केंद्रीय इस्पात मंत्री बेनी प्रसाद वर्मा ने एक प्रश्न के जवाब में कहा कि वे दो जगह से चुनाव लडऩे की तैयारी कर रहे हैं। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि अगर राहुल गांधी इसकी इजाजत देंगे तभी वे दो जगह से चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि कैसरगंज सीट से वे चार बार सांसद रह चुके हैं।
बेनी इस बार गोंडा सीट से सांसद हैं, लेकिन कैसरगंज में पिछले पांच सालों में कुछ भी विकास कार्य नहीं हुए है। इसे देखकर उन्हें तकलीफ होती है। इस कारण वे कैसरगंज की सीट से फिर चुनाव लडऩा चाहते हैं। वर्तमान सीट गोंडा से भी चुनाव लडऩे की तैयारी है।