खुद को क्राइम ब्रांच का पुलिसकर्मी बताकर बुजुर्ग महिलाओं को झांसा देकर उनके गहने पार करने वाले ईरानी गिरोह के चार बदमाश सोमवार को अमीनाबाद पुलिस के हत्थे चढ़ गए। बदमाश महिलाओं को लूटपाट का डर दिखाकर उनसे गहने उतारकर रखने को कहते और बातों में उलझा कर उनके गहने लेकर कंकण-पत्थर की पुड़िया थमाकर भाग जाते थे।
आरोपियों के पास से कई वारदातों में उड़ाए गए लाखों रुपये के गहने, नकदी, तमंचा, कारतूस, फर्जी आईडी व वारदातों में प्रयुक्त दो बाइक बरामद हुई हैं। एडीसीपी (पश्चिम) चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि सुंदरबाग इलाके में रहने वाले बुजुर्ग कनक कुमार राय आठ नवंबर को रिक्शे से मेडिसिन मार्केट जा रहे थे।
तभी गांधी आश्रम के पास दो लोगों ने खुद को क्राइम ब्रांच का पुलिस बताकर रोक लिया और आगे बड़ी वारदात होने की जानकारी देकर दोनों अंगुठियां उतारकर रखने को कहा। फिर बातों में उलझाकर कंकण की पुड़िया थमा दी और दोनों अंगुठियां लेकर भाग गए थे। कनक की शिकायत पर अमीनाबाद पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर बदमाशों की तलाश शुरू की।
इंस्पेक्टर सूर्यबली पांडेय ने सोमवार को हीवेट रोड से ईरानी गैंग के चार बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए बदमाश मजलूम हुसैन निवासी ददझीरो रोड, थाना सेंधवा, जिला बडवानी, मध्य प्रदेश, हसनी अली व खंबर अली निवासी शिवाजी नगर, परली बैजनाथ, थाना संभाजी नगर, जिला बीड, महाराष्ट्र और अली अब्बास निवासी हुसैनी कॉलोनी, सिधरी रोड, थाना गांधीगंज टाउन, जिला विदर्भ, कर्नाटक हैं।
आरोपियों के पास से सोने की दो चेन, एक कड़ा आदि गहने, पत्रकारों की चार फर्जी आईडी, एक तमंचा, दो कारतूस, दो फर्जी आरसी, दो बाइक, 11,860 रुपये की नकदी बरामद हुई है। एडीसीपी (पश्चिम) चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों से पूछताछ में पता चला कि ये लोग कम भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बुजुर्गों व महिलाओं को रोककर वारदात को अंजाम देते थे।