लखनऊ। गोमतीनगर के विशालखंड निवासी कारोबारी रविकांत तिवारी से जालसाज ने खुद को आईएएस अधिकारी का परिचित बताकर 3.54 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली। पीड़ित ने जालसाजी में बैंक ऑफ महाराष्ट्र के ब्रांच मैनेजर पर भी शामिल होने का आरोप लगाया है। गोमतीनगर पुलिस ने ब्रांच मैनेजर और दो अन्य लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
रविकांत तिवारी के अनुसार, 12 जनवरी को व्हाट्सएप पर आईएएस आलोक कुमार का मेसेज आया। उसमें आशीष कुमार नाम के व्यक्ति की मदद करने को कहा गया था। इसके बाद, अनजान नंबर से कॉल आई, जिसमें सीआरपीएफ अधिकारी आशीष कुमार ने खुद को प्रयागराज में तैनात बताते हुए जम्मू-कश्मीर में ट्रांसफर होने के कारण घरेलू सामान बेचने की बात कही। 1.20 लाख रुपये में सौदा तय हुआ और उन्होंने 13 व 14 जनवरी को रोहन के खाते में यह रकम ट्रांसफर कर दी। बाद में, ठग ने अन्य सामान बेचने के बहाने 2.34 लाख रुपये और ऐंठ लिए, लेकिन सामान नहीं भेजा। पीड़ित का कहना है कि यह रकम महाराष्ट्र के बुलढाणा स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र में ट्रांसफर हुई थी। आरोप है कि जब उन्होंने इस बैंक के ब्रांच मैनेजर विवेक कुमार से संपर्क कर आरोपी का खाता फ्रीज करने को कहा, तो उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। इंस्पेक्टर ब्रजेश चंद्र तिवारी के मुताबिक मामले की तफ्तीश की जा रही है।