पूर्व कैबिनेट मंत्री मोहम्मद आजम खान
सीतापुर जेल में बंद सपा नेता और रामपुर से सांसद आजम खां की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। वक्फ की संपत्तियों में हेराफेरी को लेकर रामपुर के अजीमनगर थाने में दर्ज मुकदमे को भी सीबीआई अपने हाथ में ले सकती है।
लखनऊ निवासी जमीर नकवी की शिकायत पर पिछले साल आजम खां, पत्नी तजीन फात्मा, बेटा अब्दुल्लाह खान, शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के तत्कालीन चेयरमैन वसीम रिजवी, सुन्नी वक्फ बोर्ड के चेयरमैन जुफर फारुकी के अलावा वक्फ बोर्ड के चार अन्य लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था।
जमीर नकवी ने आरोप लगाया था कि दोनों वक्फ बोर्ड के अध्यक्षों से मिलीभगत कर शत्रु संपत्ति को पहले वक्फ बोर्ड की संपत्ति में दर्ज किया गया और फिर उस संपत्ति को आजम ने अपने हिसाब से इस्तेमाल किया। अब इस मामले में सीबीआई दस्तावेज खंगाल रही है।
वक्फ बोर्ड की संपत्तियों की जब हेराफेरी की गई, उस समय आजम खां सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री थे और वक्फ विभाग भी उन्हीं के पास था। वहीं, प्रयागराज और लखनऊ में दर्ज जिन एफआईआर की जांच सीबीआई कर रही है, उस दौरान भी आजम ही वक्फ मंत्री थे।