अयोध्या स्थित ढांचा विध्वंस मामले में बचाव पक्ष ने सोमवार को अपनी लिखित बहस दाखिल कर दी। इसके बाद सीबीआई के विशेष न्यायाधीश एसके यादव ने दोनों पक्षों को एक सितंबर को मौखिक बहस करने का आदेश दिया है।
कोर्ट में सुनवाई के समय पवन कुमार पांडेय, बृजभूषण शरण सिंह, सतीश प्रधान, धर्मदास, जयभगवान गोयल, अमरनाथ गोयल, सुधीर कक्कड़, संतोष दुबे, कमलेश त्रिपाठी, विजय बहादुर सिंह, प्रकाश शर्मा, जयभान सिंह पवैया, धर्मेंद्र सिंह गुर्जर, विनय कुमार राय, रामजी गुप्ता, नवीन भाई शुक्ला, गांधी यादव, ओमप्रकाश पांडेय, राम चंद्र खत्री, साक्षी महाराज, आरएन श्रीवास्तव समेत 32 आरोपियों के वकीलों ने लिखित बहस दाखिल की।
कोर्ट ने आरोपियों के बहस की प्रति सीबीआई के विशेष वकील ललित कुमार सिंह और आरके यादव को देने का निर्देश दिया। अभियोजन पक्ष को लिखित बहस की प्रति मिलने के बाद कोर्ट ने दोनों पक्षों को ताकीद की है कि एक सितंबर को दोनों पक्ष व्यक्तिगत रूप से या वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मौखिक बहस कर सकते हैं। एक सितंबर को अगर किसी ने मौखिक बहस नहीं की तो उसे दोबारा समय नहीं दिया जाएगा।