घटना ने लोहिया संस्थान की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। डेढ़ सौ से अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती के बावजूद संस्थान में आए दिन बवाल हो रहा है। संस्थान की इमरजेंसी में मरीज की मौत के बाद तीमारदार अकसर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर मारपीट व तोड़फोड़ करते हैं। यह हाल तब है जब यहां पुलिस चौकी का भी इंतजाम है।
पुलिस के पहुंचने तक आरोपी भाग निकलते हैं। लचर सुरक्षा को लेकर कर्मचारियों में भी नाराजगी है। उनका आरोप है कि ज्यादातर सुरक्षाकर्मियों को प्रशासनिक अधिकारियों के कमरे के बाहर तैनात कर दिया गया है। कुछ तो अफसरों के घर पर ड्यूटी कर रहे हैं।
ऐसे में इमरजेंसी से वार्ड तक सुरक्षा प्रभावित हो रही है। इस बाबत मीडिया प्रभारी डॉ. श्रीकेश सिंह का कहना है कि जरूरत के हिसाब से सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। इमरजेंसी में अतिरिक्त स्टाफ लगाया जाएगा।