सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव पर फोन से धमकाने का आरोप लगाते हुए हजरतगंज कोतवाली में शिकायत करने वाले आईजी अमिताभ ठाकुर के निलंबन के बाद उन पर विजिलेंस का शिकंजा भी कस गया है।
शुक्रवार को आईजी कार्मिक बीपी जोगदंड ने ठाकुर को नोटिस भेजकर उनकी चल-अचल संपत्तियों का ब्यौरा मांगा है। ठाकुर को 19 जुलाई तक सभी जानकारियां पेश करने को कहा गया है।
आईजी कार्मिक की तरफ से भेजे गए पत्र में ठाकुर व उनसे संबंधित व्यक्तियों की संपूर्ण चल-अचल संपत्तियों का ब्यौरा उपलब्ध कराने को कहा गया है। नोटिस में पूछा गया है कि उनके पास कितने मकान व प्लॉट हैं? किस-किसके नाम हैं? कब खरीदे गए ? किसके माध्यम से संपत्ति खरीदी गई? किसने बेची और कितने में बेची?
संपत्ति बेचने वाले का पता और भुगतान का जरिया क्या था? सरकार को संपत्तियां खरीदने की सूचना दी गई या नहीं? ऐसे सवाल पूछे गए हैं। सूत्रों ने बताया कि ठाकुर के खिलाफ विजिलेंस जांच का मामला करीब दो साल पुराना है। ठाकुर जब एसपी के पद पर थे तो उन्होंने खुद कई करोड़ रुपये की चल-अचल संपत्ति का खुलासा किया था लेकिन अचानक ही प्रॉपर्टी कम बतानी शुरू कर दी।