अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की तरफ से लंबे समय से लंबित लेखपाल भर्ती मुख्य परीक्षा का परिणाम जारी करने के साथ ही विवादों में आ गया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने परिणाम को लेकर बुधवार को ट्वीट करते हुए सवाल खड़ा किया है। दूसरी ओर आयोग ने सफाई दी है कि ये परिणाम अनंतिम हैं।
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लेखपाल भर्ती का परीक्षा परिणाम मंगलवार को जारी किया गया था। बुधवार को सपा मुखिया अखिलेश यादव ने ट्वीट् कर इस पर सवाल उठाए। यादव ने कहा कि यूपी पुलिस ने लेखपाल भर्ती परीक्षा में नकल करते हुए जिस महिला अभ्यर्थी को सबूत के साथ पकड़ा था, उसे आयोग ने क्वालीफाई घोषित कर दिया है। ये ईमानदार अभ्यर्थियों के साथ अन्याय है। इसकी जांच हो और दंडात्मक कार्रवाई भी। उन्होंने इसके साथ ही महिला अभ्यर्थी का रिजल्ट और पर्ची के साथ उसकी कॉपी भी ट्वीट की है। यह महिला अभ्यर्थी प्रयागराज के चेतना गर्ल्स इंटर कॉलेज करेली केंद्र पर परीक्षा में शामिल हुई थी। अखिलेश यादव का आरोप सामने आने के बाद आयोग ने इस पर अपनी सफाई जारी की है।
आयोग के सचिव अवनीश सक्सेना ने कहा कि इस केंद्र की ओर से भेजी गई रिपोर्ट में इस प्रकरण का कोई उल्लेख नहीं है। ऐसे में अन्य अभ्यर्थी की ओएमआर के साथ उक्त महिला अभ्यर्थी की ओएमआर का भी मूल्यांकन किया गया। वहीं इस प्रकरण में जिला स्तर पर दर्ज एफआईआर के मामले में पुलिस की ओर से विवेचना की जा रही है। उन्होंने कहा है कि प्रकरण में न्यायालय में चार्जशीट या अंतिम रिपोर्ट देने की सूचना भी आयोग को नहीं मिली है। अभ्यर्थी को योग्य या अयोग्य घोषित करने के संबंध में आयोग पुलिस विवेचना के आधार पर निर्णय लेगा। यदि आयोग की ओर से अंतिम परिणाम घोषित करने से पहले पुलिस की विवेचना नहीं पूरी हो पाती है तो उस स्थिति में महिला अभ्यर्थी का परिणाम विदहेल्ड श्रेणी में रखा जाएगा।