फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नए परिचय के मोहताज नहीं हैं डॉ. आंबेडकर, संविधान पढ़ें मुख्यमंत्री योगी: अखिलेश यादव

Thu, 29 Mar 2018 09:58 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि डॉ. आंबेडकर को बच्चा-बच्चा जानता है। वे नए परिचय के मोहताज नहीं हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ को संविधान पढ़ना चाहिए और महापुरुषों के साथ सियासत नहीं करनी चाहिए।

विज्ञापन


उन्होंने कहा, भाजपा भारत रत्न एवं संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर का अपमान कर रही है। जाहिर है, भाजपाई गरीबों, पिछड़ों, दलितों और अल्पसंख्यकों के विरोध में हैं। उप्र में भाजपा सरकार जिस तरह संविधान को चुनौती दे रही है, वह एक गंभीर स्थिति है। यहां कानून का राज नहीं रह गया है।

दूसरों पर गुंडाराज का आरोप लगाना आसान है। लेकिन अपनी भी सरकार के कारनामों को याद करना चाहिए। यदि भाजपा राज में अपराधी भयभीत हैं तो यूपीकोका की क्या जरूरत थी? मुख्यमंत्री की हठधर्मिता से संवैधानिक व्यवस्थाएं चरमरा रही हैं। इस पर राजभवन चुप क्यों है?

विज्ञापन
विज्ञापन

मुख्यमंत्री को पद से हटाएं राज्यपाल

- फोटो : amar ujala
अखिलेश ने कहा, चाहे कोई कितने भी बड़े पद पर हो उसका आचरण और अभिव्यक्ति संवैधानिक मर्यादा में होनी चाहिए। ‘समाजवाद‘ पर मुख्यमंत्री की टिप्पणी असंवैधानिक कृत्य है। समाजवाद सामाजिक-आर्थिक समानता के सिद्धांत से प्रतिबद्ध है।

जो सामाजिक गैरबराबरी और आर्थिक विषमता के पोषक हैं, वही समाजवाद पर प्रहार कर रहे हैं। भाजपा सरकार से जिस नैतिक आचरण और संवैधानिक जिम्मेदारी की अपेक्षा है उसका पूरी तरह अभाव दिखता है। संवैधानिक पद के दुरुपयोग पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए।

राज्यपाल को इस अवमाननापूर्ण आचरण का संज्ञान लेकर मुख्यमंत्री को तत्काल पदमुक्त करना चाहिए। उन्होंने कहा, गोरखपुर व फूलपुर में हार को भाजपा पचा नहीं पा रही है। उसमें कुछ ज्यादा ही बौखलाहट दिख रही है। समाजवाद की आड़ में संविधान पर भी हमला बोला जा रहा है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें