सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी हमेशा किसी भी गठबंधन में बड़े दिल के साथ शामिल होते हैं। हमारे पिछले ट्रैक रिकॉर्ड से यह देखा जा सकता है। इंडिया गठबंधन के तहत यूपी में कांग्रेस को क्या देना है, ये बड़ा सवाल नहीं है। बड़ा सवाल ये है कि भाजपा को हराना है।
एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि जब से वह चुनाव लड़ रहे हैं, सपा का वोट लगातार बढ़ रहा है। गठबंधन से ये सीखा है कि भाजपा को कैसे हराया जा सकता है। अखिलेश ने कहा कि इंडिया को घमंडिया कहने वाले खुद सबसे बडे़ घमंडी हैं। इंडिया गठबंधन में जितने भी दल और नेता हैं, वे अपने राज्यों में बहुत ताकतवर हैं। उन्होने कहा कि भाजपा की कमजोरी का अंदाजा इससे लगा सकते हैं कि जो दल भाजपा को दिन रात कोसते थे और तमाम तरह के आरोप लगाते थे, उनके भी सामने उसे झुकना पड़ रहा है। उनका इशारा सुभासपा के ओमप्रकाश राजभर की तरफ था।
अखिलेश यादव ने कहा कि हमारे देश में 85 प्रतिशत आबादी गरीबों की है। जातीय जनगणना से ही उन्हें न्याय मिल सकेगा। डॉ. राममनोहर लोहिया और डॉ. भीमराव आंबेडकर के सामाजिक न्याय का सपना भी तभी पूरा होगा। नीति आयोग के सभी मानकों पर उत्तर प्रदेश पिछड़ता जा रहा है। उन्होंने कहा कि जी-20 सम्मेलन मणिपुर में होना चाहिए। आगामी लोकसभा चुनाव में जनता भाजपा और उसके गठबंधन को हराएगी।
सबसे बड़ी परिवारवादी पार्टी है भाजपा
अखिलेश ने कहा कि भाजपा देश की सबसे बड़ी परिवारवादी पार्टी है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री खुद परिवारवाद की वजह से गोरखपुर से सांसद बने और गोरक्षनाथ पीठ के महंत बने। उन्होंने कहा कि जो लोग हमारे ऊपर परिवारवाद का आरोप लगाते हैं, वे लोकतंत्र में चुनाव आयोग की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हैं। पार्टियों में अध्यक्ष कार्यकर्त चुनते हैं। लोकसभा और विधानसभा में जनता चुनकर भेजती है। साथ ही कहा कि वर्ष 2022 का विधानसभा चुनाव भाजपा ने बेईमानी से जीता है।