प्रेरणा एप को लेकर दो शिक्षिकाओं का वेतन रोका
निर्देश के बावजूद एप डाउनलोड नहीं करने के मामले में विभाग को नहीं दिया स्पष्टीकरण
23 स्कूलों के शिक्षकों से मांगा स्पष्टीकरण, शिक्षक संगठन ने लिया एप के बहिष्कार का निर्णय
विभाग प्रेरणा एप को क्रियान्वित करने की भरसक कोशिश कर रहा है। वहीं शिक्षक इसके विरोध में उतर आए हैं। विभाग ने इसको लेकर कार्रवाई भी शुरू कर दी है। एप डाउनलोड नहीं करने के मामले में स्पष्टीकरण न देने पर दो शिक्षिकाओं का वेतन रोकने के साथ ही 23 परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा है। दरअसल शिक्षक एप के माध्यम से ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध में हैं और वे एप डाउनलोड करने के इच्छुक नहीं हैं।
प्रेरणा एप के जरिए शिक्षकों को सेल्फी भेजकर अपनी और छात्रों की उपस्थिति दर्ज करानी है। वहीं मिड डे मील आदि सभी क्रियाकलापों की रिपोर्ट शिक्षकों को इसी एप के जरिए ही भेजना है। विभाग ने सभी शिक्षकों को एप डाउनलोड कर इसे क्रियान्वित करने का निर्देश दिया है। सितंबर माह में इस एप को अनिवार्य रूप से लागू कर दिया जाएगा। वर्तमान में सभी शिक्षकों को इस्तेमाल करने का निर्देश दिया गया है और बेसिक शिक्षा कार्यालय द्वारा इसकी मॉनीटरिंग भी की जा रही है। विभाग लापरवाही बरतने पर शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई करने लगा है। बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. अमर कांत सिंह ने मंगलवार को एप डाउनलोड नहीं करने के मामले में स्पष्टीकरण नहीं देने पर दो शिक्षिकाओं का वेतन रोकने का निर्देश दिया। वहीं गुरुवार को 23 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक शिक्षकों को नोटिस भेजकर स्पष्टीकरण मांगा है। इन सभी शिक्षकों ने एप पर कोई सूचना नहीं दी। बीएसए ने बताया कि इन सभी को 24 अगस्त को कार्यालय में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देना है। विभाग की इस कार्रवाई को लेकर शिक्षक एप के विरोध में उतर आए हैं। वे एप पर किसी भी प्रकार की सूचना देने से इंकार कर रहे हैं।
पांच को प्रदर्शन करेगा शिक्षक संघ
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने इसका बहिष्कार करने का निर्णय लिया है। मंत्री वीरेंद्र सिंह ने बताया कि संगठन ने निर्णय लिया है कि पांच सितंबर को शिक्षक बेसिक शिक्षा कार्यालय पर इसके विरोध में प्रदर्शन करेंगे। साथ ही इसके विरोध में राज्य स्तरीय प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि संगठन ने सभी शिक्षकों को एप के माध्यम से किसी भी प्रकार की सूचना न देने का आग्रह किया है। वहीं बीएसए ने बताया कि एप सितंबर माह से अनिवार्य रूप से प्रभावी हो जाएगा। शिक्षकों को इसका इस्तेमाल करना ही होगा, नहीं तो कार्रवाई होगी।