लखनऊ। छेड़छाड़ की पीड़िता को बयान दर्ज कराने से रोकने के लिए चलती ट्रेन से फेंकने के मामले में नामजद आरोपी बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के प्रधान सहायक कमल कुमार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। रविवार को कोर्ट में पेश करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया। आरोपी को पुलिस ने शनिवार देर रात आलमनगर रेलवे स्टेशन के पास से पकड़ा था।
एक जनवरी की शाम पीड़िता काकोरी के रहमानखेड़ा स्थित रेलवे लाइन के किनारे गंभीर हालत में मिली थी। उसे केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने उसकी हालत खतरे से बाहर बताई है। हालांकि पीड़िता अभी तक होश में नहीं आई है। होश आने के बाद मजिस्ट्रेट के सामने उसके बयान दर्ज कराए जाएंगे। पीड़िता हरदोई में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग में सुपरवाइजर के पद पर तैनात है।
परिजनों के अनुसार, वह एक जनवरी की सुबह करीब सात बजे आलमनगर रेलवे स्टेशन से बरेली-वाराणसी एक्सप्रेस ट्रेन से हरदोई के लिए रवाना हुई थी। आरोप है कि इसी दौरान आरोपी ने जान से मारने की नीयत से उसे चलती ट्रेन से धक्का दे दिया। इंस्पेक्टर सतीश चंद्र राठौर ने बताया कि पीड़िता के भाई की तहरीर पर कमल कुमार और उसके अन्य परिचितों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी।