आम आदमी पार्टी ने भाजपा और कांग्रेस से चंदे का हिसाब मांगा है। पार्टी ने दावा किया है कि अब मोदी का जादू उतरने लगा है। तभी तो लोकसभा चुनाव की चुनाव में भाजपा को जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव में 10 फीसदी और झारखंड विधानसभा चुनाव में 9 फीसदी कम वोट मिले हैं। ये बातें राजधानी में चंदा जुटाने आए आप नेता ने मीडिया को कही।
पार्टी की राष्ट्रीय टीम के सदस्य मनीष सिसौदिया ने कहा कि ‘आप’ ने अपने चंदे की पाई-पाई का हिसाब वेबसाइट पर डाल दिया है। चंदा लेने में पूरी पारदर्शिता बरती जा रही है। उन्होंने ‘आप’ के चंदे पर सवाल उठाने वाले भाजपा और कांग्रेस से कहा कि उनके 80 फीसदी चंदे का कोई हिसाब नहीं है। दोनों दलों के नेता बंद कमरों में शूटकेस में चंदा लेते हैं। भाजपा-कांग्रेस बताएं कि उनके चंदे में दाऊद का पैसा तो नहीं है ?
..तो दिल्ली में जीतेंगे 50 से ज्यादा सीट
‘आप’ के प्रवक्ता संजय सिंह ने कहा कि लोकसभा चुनाव की तुलना में भाजपा के वोट प्रतिशत में खासी गिरावट आई है। जम्मू-कश्मीर और झारखंड का रुझान कायम रहा तो दिल्ली विधानसभा चुनाव में ‘आप’ को विधानसभा चुनाव में 50 से ज्यादा सीटें मिलेंगी।
मनीष सिसौदिया ने कहा कि दिल्ली में ‘आप’ की सरकार बनी तो व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर टैक्स से जुड़े अफसरों की रेड बंद कर दी गई थीं। इसके बावजूद उस तिमाही में पहले की तुलना में एक हजार करोड़ रुपये ज्यादा टैक्स जमा हुआ। जबकि पहले यह पैसा इंसपेक्टर राज की भेंट चढ़ रहा था। दिल्ली में सरकार बनी तो जीरो रेड पॉलिसी लागू की जाएगी।
‘आप’ ने शनिवार को राजधानी में डेढ़ सौ लोगों को लंच कराकर करीब 15 लाख रुपये चंदा जुटाया। चंदा देने वालों में आईआईटियन से लेकर व्यापारी, वकील, प्रोफेसर और किसान तक शामिल रहे। लंच का आयोजन यहां हुसैनगंज चौराहे स्थित एक होटल में हुआ। इसमें शामिल होने के लिए चंदे की न्यूनतम राशि 11 हजार रुपये रखी गई थी।
‘आप’ नेताओं के मुताबिक छह लोगों ने 50 हजार से ज्यादा, दो लोगों ने 20 हजार से ज्यादा दिया। कुछ लोग सपरिवार लंच में शामिल हुए। लंच में अवधि व उत्तर भारतीय व्यंजन परोसे गए। कुछ लोगों को 11 हजार से कम राशि देने पर भी लंच में शामिल किया गया। लखनऊ के कुछ लोगों ने दुबई से ऑनलाइन चंदा दिया।