रिश्ता पक्का हो गया। शादी की तारीख पक्की हो गई। कार्ड बंट गए। पर इसी बीच युवती के परिवार वालों को पता चला कि लड़का गरीब है।
सो, शादी से इन्कार कर दिया। पर युवती ने न केवल इसकी मुखालफत की, अपने होने वाले ससुराल पहुंच गई। जिद कर बैठी कि शादी करूंगी तो उसी से।
युवती ने पूरी कहानी सुनाई तो लड़के के परिवारीजन उसे लेकर निगोहां थाने पहुंचे। एसओ ने दोनों पक्ष की पंचायत बुलाई जिसमें युवती के हक में फैसला दिया गया। अब दोनों की शादी तय तिथि पर ही होगी।
मामला निगोहां के जवाहरखेड़ा राती गांव का है। यहां के किसान सुखराम ने अपनी बेटी पूनम की शादी नगराम के देवती गांव निवासी कालीदीन के बेटे राजकुमार से तय की थी। राजकुमार राजगीर का काम करता है।