उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के सरेनी थाना क्षेत्र में शुक्रवार की भोर गंगा नदी में नाव पलटने से तीन बच्चों की मौत हो गई, जबकि नौ बच्चे डूब गए। पांच बच्चों ने तैरकर अपनी जान बचाई। मल्लाह की लापरवाही घटना की वजह बनी।
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नाव खेने वाला बांस टूटने से हादसा हो गया, जबकि नाव पर अधिक लोग सवार थे। गोताखोरों और स्टीमर की मदद से गंगा में डूबे बच्चों की खोजबीन जारी है। यह हादसा उस समय हुआ, जब सभी गंगा स्नान के बाद फतेहपुर जिले के भिटौरा मंदिर दर्शन करने जा रहे थे।
कई थानों की फोर्स के साथ ही डीएम-एसपी मौके पर पहुंचे। सूचना पर कांग्रेस अध्यक्ष एवं जिले की सांसद सोनिया गांधी और प्रदेश के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. मनोज कुमार पांडेय ने गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया।
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सरेनी थाना क्षेत्र के कंजास गांव के 17 लड़के और लड़कियां भोर में उठकर मल्लाहीघाट गंगा स्नान करने गए थे। पहले मल्लाहीघाट में गंगा स्नान किया और फिर इसके बाद सभी नाव से फतेहपुर जिले के भिटौरा मंदिर दर्शन करने जा रहे थे।
नाव से कूद गया मल्लाह
कुछ दूरी नाव गई ही थी कि नाव खेने वाला बांस बीच से टूट गया। इससे नाव डगमगाने लगी। लड़के और लड़कियों ने मल्लाह से किसी तरह नाव किनारे ले जाने की बात कही, लेकिन मल्लाह ने उनकी बात को अनसुना कर दिया। मल्लाह नाव से बाहर कूद गया और तैरकर नदी के किनारे जाने लगा।
इसी बीच संतुलन बिगड़ जाने से नाव पलट गई और उस पर सवार सभी 17 लड़के और लड़कियां नदी में डूबने लगे। शोरगुल पर आसपास के लोग जब तक कुछ समझ पाते, सभी नदी में डूब गए। हालांकि, पांच लड़कों ने तैरकर अपनी जान बचा ली। सूचना पर सरेनी, लालगंज पुलिस के साथ ही डीएम महेंद्र कुमार, एसपी एन कोलांची, एसडीएम लालगंज दिलीप कुमार, सीओ विजय बहादुर पहुंचे।
फौरन गोताखोरों और स्टीमर की मदद से खोजबीन शुरू कराई गई। साथ ही जाल भी कई स्थानों पर बंधवा दिया गया। खोजबीन के दौरान सूरज (16) पुत्र राजू तिवारी, रौनक (12) पुत्र महेश और शिल्पी (20) पुत्री घनश्याम का शव मिल गया।
इसमें मृतक सूरज कक्षा 11, रौनक कक्षा चार और शिल्पी एमए द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। बाकी अन्य डूबे लड़के-लड़कियों की खोजबीन देर शाम तक जारी रही। डीएम-एसपी का कहना है कि नाव पर मल्लाह समेत 18 लोग सवार थे।
इसमें 17 लोग नदी में डूबे थे, जिसमें तीन के शव बरामद हुए हैं। बाकी नदी में डूबे लोगों की खोजबीन कराई जा रही है। हादसे की जांच कराई जा रही है।
गंगा में डूबे लापता लोगों में शैलेंद्र उर्फ शिवानी (13) पुत्र कमलेश, छोटू उर्फ रामकरन (14) पुत्र कृष्णपाल, शशी (14) पुत्री बुग्गा, सुमित (14) पुत्र रविशंकर दुबे, सगुन (18) पुत्र अमरनाथ, दीपक (10) पुत्र रामसेवक, कोमल (10) पुत्री भीमशंकर, आशू (8) पुत्र कमल, लाल (15) पुत्र संजय दुबे निवासी कंजास थाना सरेनी शामिल हैं।
इसके अलावा ललित (10) पुत्र रविशंकर, राघवेंद्र (14) पुत्र संतोष दुबे, शिवम (14) संगम दुबे, मुकेश (12) पुत्र मदनलाल, फूलचंद्र (15) पुत्र बदलू ने नाव पलटने के बाद तैरकर अपनी जान बचा ली।