यूपी पावर ट्रांसमिशन कॉर्पोरेशन अब निजी सार्वजनिक सहभागिता
(पीपीपी) मॉडल पर दर आधारित प्रतिस्पर्धात्मक बिडिंग (टैरिफ बेस्ड
कॉम्पटिटिव बिडिंग) के जरिये ट्रांसमिशन नेटवर्क तैयार कराएगा।
गुरुवार को
कैबिनेट बैठक में इससे संबंधित प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गई। पीपीपी
मॉडल पर जिन ट्रांसमिशन परियोजनाओं को क्रियान्वित कराने का फैसला किया
गया है, उनमें पूर्व में तैयार कराई गई 765 केवी ललितपुर-आगरा लाइन का
निर्माण यथावत किया जाएगा।
765 केवी ललितपुर-जवाहरपुर तथा जवाहरपुर-आगरा
लाइनों का एलाइनमेंट बदलकर 765 केवी ललितपुर-(घाटमपुर-भोगनीपुर-बिल्हौर
समूह)-आगरा लाइन का निर्माण कराया जाएगा।
1980 मेगावाट क्षमता की ललितपुर
तापीय परियोजना से बिजली निकासी के लिए ट्रांसमिशन नेटवर्क का निर्माण भी
टैरिफ बेस्ड कॉम्पटिटिव बिडिंग के आधार पर कराने का फैसला किया गया है।
वहीं
एक अन्य फैसले में घाटे से उबरने के लिए प्रदेश की बिजली कंपनियों द्वारा
बैंकों से लिए जाने वाले ऋण एवं उनके पक्ष में जारी किए जाने वाले बॉण्ड के
लिए राज्य सरकार ने 39392 करोड़ रुपये की शासकीय गारंटी देने का निर्णय
किया है।
इस निर्णय से पावर कॉर्पोरेशन के नियंत्रण वाली बिजली कंपनियों को
बैंकों और वित्तीय संस्थाओं से ऋण मिलने का रास्ता साफ हो गया है। फैसला-14