अभियान के बाद निकाय द्वारा गार्बेज वल्नरेबल पॉइंट्स का (विलोपन से पूर्व एवं विलोपन के बाद) का उच्च गुणवत्ता व जियो टैग फोटो राज्य मिशन निदेशालय की ईमेल पर उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही 'प्रतिबद्ध 75 जनपद 75 घंटे 750 निकाय' अभियान के अन्तर्गत की गई गतिविधियों की विडियोग्राफी कराना भी सुनिश्चित किया जाए। अभियान के सम्पादन हेतु सफाई संवर्ग के अधिकारियों व पदाधिकारियों के साथ स्वच्छ भारत मिशन नगरीय में जनपद स्तर पर कार्यरत ड्रिस्ट्रिक्ट कोऑर्डिनेटर एवं ड्रिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम मैनेजर की महत्त्वपूर्ण भूमिका होगी। सभी जीवीपीएस के आसपास के जनमानस को सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से जागरूक करें कि यह कार्य स्वच्छता की ओर परिवर्तन का संकेतक है।
चिन्हित स्थानों का होगा सौंदर्यीकरण
पत्र में ये भी निर्देशित किया गया है कि सभी विलोपित जीवीपीएस का इस प्रकार से सौदर्यीकरण किया जाए जैसे कि सेल्फी प्वांइट्स, रेहड़ी पटरी वालों को जगह आवंटित करना, वरिष्ठ नागरिकों के लिए बेंच की व्यवस्था एवं पेड़ व गमला लगाना इत्यादि। इस स्थान को एक नजीर के रूप में विकसित किया जाए और हो भविष्य में भी इसकी निरंतरता को बनाए रखा जाए, ताकि लोग यहां कूड़ा फेंकने की बजाय अपना कीमती समय व्यतीत करें।
शीर्ष 3 निकायों को मिलेगा पुरस्कार'
प्रतिबद्ध 75 जनपद 75 घंटे 750 निकाय' अभियान में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले निकायों को 3 मुख्य श्रेणियों क्रमशः नगर निगम, नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायत में जनसंख्या आधारित 5 उप श्रेणियों के अंतर्गत राज्य स्तर पर पुरस्कृत किया जाएगा। पुरस्कार की राशि क्या होगी, फिलहाल इस बाबत जानकारी नहीं दी गई है, लेकिन प्रत्येक श्रेणी में शीर्ष 3 निकायों को पूरे प्रदेश में प्रचारित किया जाएगा और दूसरे निकायों के लिए उन्हें आदर्श निकाय बनाया जाएगा।